स्वच्छता अभियान पर बोलीं प्रज्ञा ठाकुर, मैं नाली साफ करने के लिए नहीं बनी हूं सांसद

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jul 22, 2019

सीहोर। भोपाल लोकसभा सीट की भाजपा सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने एक बार फिर विवादित बयान दिया है। उन्होंने रविवार को कहा कि वह नाली एवं शौचालय साफ करने के लिए सांसद नहीं बनीं हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने दो अक्टूबर 2014 को देश भर में एक राष्ट्रीय आंदोलन के रूप में स्वच्छ भारत मिशन की शुरुआत की थी। इसके तहत मोदी ने स्वयं झाड़ू उठाई थी। इसके बाद कई नेताओं, अभिनेताओं और जिलाधिकारियों सहित कई हस्तियों ने भी इस सफाई अभियान में भाग लिया। कुछ ने तो नालियां तक साफ की। प्रज्ञा का यह बयान इस सफाई अभियान के खिलाफ माना जा रहा है।

सीहोर से किसी काम को लेकर कार्यकर्ता के आए फोन का प्रज्ञा ने जिक्र किया। सीहोर में रविवार को पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि आपको एक फोन नंबर सहजता से मिल गया और आपने (मुझे) लगा दिया। हम किस परिस्थिति में हैं? क्या कर रहे हैं ?... उन्होंने कहा कि संसद सत्र के बाद उन चीजों को क्रियान्वित करने के लिए हम यहां रहेंगे। आपकी सुनेंगे। जो भी समस्या है हम वहां जाकर समाधान कराएंगे। जो धनराशि हमको मिलेगी,आप लोगों के लिए मिलती है, खर्च आप लोगों पर ही करना है। यही होना है ना।

इसे भी पढ़ें: लोकसभा में भोपाल सांसद प्रज्ञा ठाकुर ने उठाया जेल का मुद्दा

प्रज्ञा ने कहा कि तो ध्यान रखो, हम नाली साफ करने के लिए नहीं बने हैं। ठीक है ना। हम आपके शौचालय साफ करने के लिए बिलकुल नहीं बनाये गये हैं। हम जिस काम के लिए बनाये गये हैं, वह काम हम ईमानदारी से करेंगे। यह हमारा पहले भी कहना था, आज भी कहना है और आगे भी कहेंगे। सीहोर इलाका भोपाल संसदीय क्षेत्र में आता है। उन्होंने कहा कि सांसद का काम सांसद को बताना चाहिए। सांसद का काम है कि वह विधायक, पार्षद, मंडल अध्यक्ष व बाकी सबसे मिल करके यहां का विकास करें। स्थानीय समस्याओं के लिए जो लोग आपने चुने हैं उन्हें बताएं। अपने को उनसे भी काम करवाना है।

(वीडियो साभार: देशदीप सक्सेना)

प्रमुख खबरें

सचिन तेंदुलकर के साथ Debut करने वाले Salil Ankola डिप्रेशन में, Pune के सेंटर में भर्ती हुए

Cooper Connolly का तूफानी शतक पड़ा फीका, Sunrisers Hyderabad ने जीता रोमांचक मैच

West Bengal: अब ममता बनर्जी नहीं रहीं मुख्यमंत्री, राज्यपाल आरएन रवि ने भंग की विधानसभा

सियासत का नया व्याकरण लिखता जनादेश 2026