By अंकित सिंह | Oct 16, 2026
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने केरल के पूर्व मुख्यमंत्री और केरल विधानसभा में विपक्ष के मौजूदा नेता पिनाराई विजयन को समन जारी किया है। उनसे कहा गया है कि वे मनी लॉन्ड्रिंग के एक चल रहे मामले के सिलसिले में 23 अक्टूबर को कोच्चि स्थित ED कार्यालय में पेश हों। यह घटनाक्रम 278 करोड़ रुपये के कथित CMRL-एक्सलॉजिक मामले में चल रही कानूनी कार्यवाही के बीच सामने आया है। इस मामले में कोचीन मिनरल्स एंड रूटाइल लिमिटेड (CMRL) और एक्सलॉजिक सॉल्यूशंस के बीच कथित वित्तीय लेन-देन शामिल है। एक्सलॉजिक सॉल्यूशंस अब बंद हो चुकी एक फर्म है, जिसे पहले विजयन की बेटी वीना टी. चलाती थीं।
मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि अदालत आगामी दशहरा छुट्टियों के दौरान एक विशेष पीठ गठित करने की संभावना पर विचार करेगी, जो जजों की उपलब्धता पर निर्भर करेगा। अगर ऐसा संभव नहीं हुआ, तो इस मामले को 26 अक्टूबर को सूचीबद्ध किया जाएगा। दशहरा की छुट्टियों के बाद, 26 अक्टूबर से सुप्रीम कोर्ट का कामकाज फिर से सामान्य रूप से शुरू होगा। विजयन ने केरल हाई कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसमें इस मामले में FIR दर्ज करने का निर्देश दिया गया था। गुरुवार को, हाई कोर्ट की एक खंडपीठ ने विजयन, उनकी बेटी वीना टी. और उनके दामाद (पूर्व मंत्री) पी.ए. मोहम्मद रियास द्वारा दायर अपीलों को खारिज कर दिया। ये अपीलें सिंगल-जज (एकल न्यायाधीश) के आदेश के खिलाफ दायर की गई थीं।
9 अक्टूबर को, एकल-न्यायाधीश पीठ ने राज्य सतर्कता और भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (VACB) को निर्देश दिया था कि वे ED द्वारा पुलिस को भेजी गई एक रिपोर्ट के आधार पर आपराधिक मामला दर्ज करें। ED ने अपनी जांच के दौरान जुटाए गए सबूतों के आधार पर मामला दर्ज करने की मांग की थी। इन सबूतों में 'प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट' (PMLA) के तहत की गई तलाशी के दौरान मिली सामग्री भी शामिल है। ये आरोप CMRL और उससे जुड़ी एक कंपनी द्वारा 'एक्सलॉजिक सॉल्यूशंस' (Exalogic Solutions) को किए गए भुगतानों से जुड़े हैं। एजेंसी का आरोप है कि CMRL ने इन भुगतानों को 'IT कंसल्टेंसी सेवाओं' की फीस बताकर, गलत तरीके से 2.78 करोड़ रुपये 'एक्सलॉजिक' को ट्रांसफर किए।