Ajit Pawar Vs Sharad Pawar: चुनाव आयोग ने चाचा की घड़ी भतीजे के हाथों में थमाई, नई पार्टी के गठन के लिए शरद पवार को देने होंगे 3 नए नाम

By अभिनय आकाश | Feb 06, 2024

असली शिवसेना एकनाथ शिंदे को मानने के बाद अब चुनाव आयोग ने शरद पवार गुट को जबरदस्त झटका दिया है। आयोग ने अजीत पवार गुट को ही असली एनसीपी माना है। चुनाव आयोग ने 10 से ज्यादा सुनवाई के बाद कहा कि दस्तावेज, सबूत और तमाम चीजें मिली हैं उससे ये स्पष्ट है कि अजित पवार गुट का न केवल पार्टी पर बल्कि पार्टी के अलावा अन्य संगठन और परिसंपत्तियों पर अजित पवार का ही कब्जा है। यानी उनके लोग ज्यादा हैं। पार्टी के विभाजन के बाद अजित गुट का नंबर ज्यादा है। साथ ही ये भी कहा कि पार्टी का संविधान इस बात की तस्दीक करता है अजित पवार का ही वर्चस्व पार्टी पर है। लिहाजा पार्टी के नाम और निशान पर अजित पवार के दावे की आयोग ने पुष्टि कर दी। 

इसे भी पढ़ें: Money Laundering Case: राकांपा विधायक रोहित पवार से ईडी ने आठ घंटे तक की पूछताछ

संगठनात्मक बहुमत होने के अपने दावे के समर्थन में शरद पवार समूह के दावे में समयसीमा के संदर्भ में गंभीर विसंगतियों के परिणामस्वरूप उनका दावा अविश्वसनीय हो गया। महाराष्ट्र से राज्यसभा की 6 सीटों के लिए चुनाव की महत्वपूर्ण समयरेखा को ध्यान में रखते हुए, शरद पवार गुट को चुनाव संचालन नियम 1961 के नियम 39एए का पालन करने के लिए विशेष रियायत दी गई है, जो राजनीतिक दलों के अधिकृत एजेंटों को सत्यापन करने की अनुमति देता है। इस प्रकार आयोग ने अपनी शक्तियों का उपयोग करते हुए शरद पवार गुट को अपने नए राजनीतिक गठन के लिए एक नाम का दावा करने और आयोग को तीन प्राथमिकताएं प्रदान करने का एक बार का विकल्प प्रदान किया है। रियायत का उपयोग 7 फरवरी, 2024 को दोपहर 3 बजे तक किया जाना है। 

प्रमुख खबरें

Kitchen Hack: पतले दूध से भी बनेगा एकदम Soft Paneer, बस फॉलो करें ये Pro Tips

मुजरबानी ने PSL बैन पर उठाए सवाल, कहा- जब करार ही नहीं तो उल्लंघन कैसा? पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने दिया जवाब

नई Renault Duster का BNCAP में धमाका, सेफ्टी में मिली शानदार 5-Star Rating

Nitish Kumar पर BJP का पूरा कंट्रोल, इसलिए चुप हैं : Tamil Nadu से Rahul Gandhi का बड़ा हमला