By अभिनय आकाश | Apr 19, 2025
15 साल के अंतराल के बाद पहली बार बांग्लादेश और पाकिस्तान के प्रतिनिधि आपस में मिले तो किस तरह बांग्लादेश ने पाकिस्तान को दो कूटनीतिक थप्पड़ जड़ दिए। इस मुलाकात में पाकिस्तानी विदेश सचिव आमना बलोच और बांग्लादेश के विदेश सचिव जशीम उद्दीन से मिली। फिर मोहम्मद यूनुस से भी उनकी मुलाकात हुई। पाकिस्तान ने सोचा था कि बांग्लादेश इस मुलाकात के बाद एंटी इंडिया गतिविधियां शुरू कर देगा। लेकिन जो हुआ वह इसके ठीक उलट है। मुलाकात के बाद बांग्लादेश ने बयान जारी कर कहा कि 1971 की जंग में पाकिस्तानी फौज ने ईस्ट बंगाल के नागरिकों पर कई जुल्म ढाए थे उसकी माफी मांगी जाए। इसके साथ-साथ बांग्लादेश ने पाकिस्तान से 38250 का मुआवजा भी मांग लिया। यह मुआवजा उन संपत्तियों की एवज में मांगा गया जो तत्कालीन पश्चिमी पाकिस्तान में थी और ढाका में सरेंडर के बाद पाकिस्तान सरकार ने जिन संपत्तियों को जब्त कर लिया था।
38250 करोड़ मैं कितने जीरो लगेंगे कंगाली से जूझते पाकिस्तानियों को यह गिनने में भी थोड़ा वक्त लग जाएगा। लेकिन पाकिस्तान पर मुआवजा की यह मांग काफी भारी पड़ सकती है। अपना वजूद बचाने के लिए पाकिस्तान ने आईएमएफ से कर्ज मांगा है। आईएमएफ के बेल आउट की हरी झंडी मिल गई है। आईएमएफ से पहली किश्त में पाकिस्तान को 1.1 बिलियन डॉलर मिलेंगे। दूसरी किश्त में पाकिस्तान को 2.4 बिलियन डॉलर मिलेंगे। दोनों राशियों को मिला भी दिया जाए तो ये बांग्लादेश के मुआवजे यानी साढ़े चार बिलियन डॉलर से कम पड़ेंगे। यानी पाकिस्तान कर्ज लेकर भी मुआवजा चुकाना चाहे तो चुका नहीं सकता।