By निधि अविनाश | May 14, 2020
नई दिल्ली। सोचिए अगर इस लॉकडाउन के दौरान हम सभी का इंटरनेट बंद हो जाए तो क्या होगा? देश और दुनिया के सारे काम ठप्प हो जाएंगे। आज इस डिजीटल दौर में पूरी दुनिया इंटरनेट पर निर्भर है और हर जरूरी सेवा के लिए हम और आप इसी का इस्तेमाल करते है और अगर ये बंद हो जाएं तो इसका असर न केवल देश में रहने वाले लोगों पर पड़ेगा बल्कि इसका असर देश और दुनिया की इकोनॉमी पर भी पड़ सकता है। अब आप सोच रहे होंगे की देश में कब इंटरनेट बंद हुआ था तो बता दें कि फेसबुक ने एक रिपोर्ट साझा किया हैं जिसके मुताबिक भारत में साल 2019 के जुलाई से लेकर दिसंबर महीने तक कम से कम 40 घटनाएं हुई जो कि 36 सप्ताह, 6 दिन और 9 घंटे तक चली। वहीं 5 अगस्त, 2019 को कश्मीर में 21 सप्ताह, 1 दिन और 20 घंटे से अधिक इंटरनेट सेवा शटडाउन किया गया था जो कि भारत का सबसे लंबा इंटरनेट बंद मामलों में से एक माना जाता है।
सबसे ज्यादा देर के लिए कश्मीर में हुआ नेट बंद :
हालांकि, भारत सरकार ने कश्मीर में 2 जी मोबाइल इंटरनेट सेवाओं को जनवरी 2020 में वापस बहाल कर दिया था। लेकिन सोशल मीडिया से लेकर अन्य सोशल प्लेटफार्मों पर फिर भी रोक लगाई हुई थी। मार्च 2020 में सेवाओं को फिर से शुरू करने के बावजूद, जम्मू और कश्मीर के केंद्र शासित प्रदेश में 4 जी इंटरनेट सेवाएं अभी भी प्रतिबंधित हैं। वहीं बात करें साल 2019 में तो कशमीर में जनवरी से 31 दिसंबर तक के बीच 3 हजार 692 घंटों के लिए इंटरनेट बंद किया गया। वहीं साल 2016 में बुरहान वानी की मौत के दौरान कशमीर में 8 जुलाई से 19 नवंबर 2016 तक के लिए 133 दिनों तक के लिए इंटरनेट बंद किया गया था। साल 2017 की फेसबुक की इस रिपोर्ट के मुताबिक 17 जून से सितंबर 2017 के बीच दार्जिलिंग, पश्चिम बंगाल में 100 दिनों का दूसरा सबसे बड़ा इंटरनेट शटडाउन हुआ है। जुलाई - दिसंबर 2019 के बीच का डेटा ये कहता है कि असम, मेघालय और यूपी के सहारनपुर में भी एक सप्ताह से अधिक समय से इंटरनेट की रुकावटें देखी जा रही थीं। इस सूची में यूपी के मेरठ, आजमगढ़ और अलीगढ़, राजस्थान के जयपुर, त्रिपुरा और अन्य भी शामिल थे।
इंटरनेट बंद के मामले में भारत है सबसे आगे :
फेसबुक ट्रांसपेरेंसी की एक रिपोर्ट के अनुसार, इंटरनेट बंद मामले में पूरी दुनिया में भारत ही सबसे आगे है, क्योंकि भारत में साल 2019 में हुए 40 घटनाओं के बीच सबसे ज्यादा बार इंटरनेट बंद किया गया था। इसमें जम्मू-कश्मीर में 21 सप्ताह, 1 दिन और 20 घंटों के लिए इंटरनेट बंद किया गया था। वही पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान सबसे ज्यादा बार इंटरनेट बंद करने के मामले में दूसरे नंबर पर आता है। यूके की एक टेक रिसर्च फर्म Top10VPN के अनुसार, भारत में 2019 में 4,196 घंटे के लिए इंटरनेट ब्लैकआउट का सामना करना पड़ा, जिसकी लागत भारतीय अर्थव्यवस्था को 2019 में $ 1.3 Bn के करीब थी। Top10VPN की 'द ग्लोबल कॉस्ट ऑफ इंटरनेट शट 2018' रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि कुछ सबसे ज्यादा प्रभावित भारतीय राज्य और केंद्र शासित प्रदेश जो कि इंटरनेट बंद से प्रभावित थे, उनमें जम्मू-कश्मीर, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, असम, यूपी और राजस्थान शामिल हैं।