By Ankit Jaiswal | Aug 03, 2026
फुटबॉल की दुनिया में फीफा अध्यक्ष जियानी इन्फेंटिनो को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। पद पर बने रहने के लिए समर्थन जुटाने की कोशिश कर रहे इन्फेंटिनो ने अमेरिकी प्रशासन से संपर्क साधा है। रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो के साथ निजी बातचीत की है, जिसमें फुटबॉल को अमेरिका के लिए प्रभाव बढ़ाने के माध्यम के रूप में इस्तेमाल करने पर चर्चा हुई।
बता दें कि इन्फेंटिनो की योजना के तहत फीफा फॉरवर्ड एंटरप्राइज नाम से एक नई इकाई बनाने का प्रस्ताव था। इस इकाई के जरिए फीफा की व्यावसायिक गतिविधियों को संचालित करने की तैयारी थी। इस प्रस्ताव में अमेरिकी निजी निवेश कंपनी थ्राइव कैपिटल की करीब 20 प्रतिशत हिस्सेदारी लेने की योजना थी। इस निवेश की कीमत चार अरब डॉलर से अधिक बताई जा रही थी।
गौरतलब है कि यह कंपनी जोश कुशनर के नेतृत्व वाली है, जो अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दामाद जेरेड कुशनर के छोटे भाई हैं। प्रस्ताव सामने आने के बाद दुनियाभर के कई फुटबॉल अधिकारियों ने नाराजगी जताई। उनका कहना था कि उन्हें इस योजना की जानकारी पहले से नहीं दी गई और उन्हें इसके बारे में मीडिया रिपोर्टों के माध्यम से पता चला।
रिपोर्टों के मुताबिक, फीफा के कुछ अधिकारियों में इन्फेंटिनो के खिलाफ असंतोष इतना बढ़ गया है कि उन्हें पद से हटाने की मांग भी उठने लगी है। फीफा के मुख्य संचालन अधिकारी केविन लामोर ने भी इस मामले में अपनी नाराजगी जाहिर की है। उन्होंने कहा कि उन्हें इस पूरी प्रक्रिया की जानकारी नहीं दी गई और वह खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं।
इसी बीच इन्फेंटिनो ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से संपर्क करने की कई कोशिशें भी की हैं, हालांकि रिपोर्ट के अनुसार अभी तक उनकी सीधी बातचीत नहीं हो पाई है। उनका प्रयास है कि उन्हें प्रभावशाली राजनीतिक समर्थन मिल सके।
फुटबॉल की यूरोपीय संस्था यूएफा ने भी इस मामले पर कड़ा रुख अपनाया है। 30 जुलाई को यूएफा ने फीफा की प्रतियोगिताओं के बहिष्कार को लेकर सर्वसम्मति से फैसला लिया। इससे वर्ष 2030 में होने वाले पुरुष विश्व कप पर भी असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है, जिसकी मेजबानी स्पेन, पुर्तगाल और मोरक्को करने वाले हैं।
अगर विवाद बढ़ता है तो विश्व कप जैसे बड़े आयोजन में कई शीर्ष खिलाड़ियों की भागीदारी पर भी सवाल खड़े हो सकते हैं। इनमें फ्रांस के स्टार खिलाड़ी किलियन एमबाप्पे और स्पेन के युवा खिलाड़ी लामिन यामाल जैसे नाम शामिल हैं।