By रेनू तिवारी | Feb 01, 2026
केंद्रीय बजट 2026-27 के पेश होने से ठीक कुछ घंटे पहले कमोडिटी बाजार में जबरदस्त हलचल देखी गई। रविवार को वायदा कारोबार (Futures Trade) में सोने और चांदी की कीमतों में 9 प्रतिशत तक की भारी गिरावट दर्ज की गई, जिससे दोनों कीमती धातुएं अपने निचले 'सर्किट' (Lower Circuit) स्तर पर पहुंच गईं।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि हाल के दिनों में सोने और चांदी में आई रिकॉर्ड तोड़ तेजी के बाद निवेशकों ने बड़े पैमाने पर मुनाफावसूली (Profit Booking) शुरू कर दी है। निवेशक बजट में कस्टम्स ड्यूटी (सीमा शुल्क) में संभावित कटौती की उम्मीद और वैश्विक आर्थिक संकेतों के बीच सतर्क रुख अपना रहे हैं।
हाल ही में आई रिकॉर्ड तोड़ तेजी के बाद निवेशकों ने मुनाफावसूली जारी रखी। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज संसद में वित्त वर्ष 2026-27 का बजट पेश करेंगी। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर, लगातार दूसरे सत्र में गिरावट जारी रही। सोने के अप्रैल में आपूर्ति वाले अनुबंधों का वायदा भाव 13,711 रुपये या नौ प्रतिशत टूटकर 1,38,634 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया।
इससे एमसीएक्स पर वायदा कारोबार में इसने अपना निचला सर्किट स्तर छू लिया। एमसीएक्स पर चांदी के वायदा भाव में भी भारी गिरावट आई क्योंकि व्यापारियों ने ऊंचे स्तर पर मुनाफावसूली जारी रखी। इसके परिणामस्वरूप मार्च में आपूर्ति वाले चांदी के अनुबंध की कीमत 26,273 रुपये या नौ प्रतिशत की गिरावट के साथ 2,65,652 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई जो इसका निचला सर्किट स्तर है। वैश्विक वायदा बाजार अवकाश के कारण रविवार को बंद रहेंगे।