By दिव्यांशी भदौरिया | Apr 14, 2026
धीरे-धीरे तापमान बढ़ रहा है। भीषण गर्मी और लू से बचने को लिए लोग आयुर्वेद या फिर दादी-नानी के नुस्खों को जरुर अपनाते हैं। इन्हीं में से एक है गोंद कतीरा, जो अपनी कूलिंग प्रॉपर्टीज के लिए जाना जाता है। कई लोग गर्मियों में गोंद कातीरा का सेवन करते हैं लेकिन यह सबके लिए फायदेमंद नहीं है। आइए आपको बताते हैं गोंद कतीरा किन लोगों के लिए नुकसानदायक होता है। आइए आपको गोंद कतीरा खाना सेहत पर भारी पड़ सकता है।
पीरियड्स के दौरान
पीरियड्स के समय महिलाओं को गोंद कतीरा का सेवन करने से परहेज करना चाहिए, खासकर अगर उन्हें पहले से ही ज्यादा दर्द या ऐंठन की समस्या रहती हो। इसकी प्रकृति अत्यधिक ठंडी मानी जाती है, जो शरीर का तापमान जरूरत से ज्यादा कम कर सकती है। ऐसे में पेट दर्द, क्रैम्प्स या ब्लीडिंग से जुड़ी परेशानियां और बढ़ सकती हैं।
लो ब्लड प्रेशर की समस्या
जिन लोगों का ब्लड प्रेशर अक्सर कम रहता है, उन्हें गोंद कतीरा का सेवन सोच-समझकर करना चाहिए। इसकी ठंडी तासीर के कारण लो बीपी वालों को आलस, चक्कर या अधिक कमजोरी जैसी समस्याएं महसूस हो सकती हैं।
आईबीएस (IBS) और ब्लोटिंग
भले ही यह कब्ज से राहत देने में मदद करता है, लेकिन अगर आपको अक्सर पेट फूलने या इरिटेबल बॉवेल सिंड्रोम की समस्या रहती है, तो इसका सेवन आपके लिए दिक्कत बढ़ा सकता है। कुछ स्थितियों में यह पाचन बेहतर करने की बजाय पेट में गैस, भारीपन या असहजता पैदा कर सकता है।
क्या है गोंद कतीरा खाने का सही तरीका?
- गोंद कतीरा को कभी भी सूखा नहीं खाना चाहिए। इसे रात भर या कम से कम 7-8 घंटे पानी में भिगोकर रखें जब तक कि यह फूलकर क्रिस्टल जेली जैसा न हो जाए।
- जब आप इसका सेवन करें तो दिनभर खूब पानी पिए, क्योंकि यह फाइबर सोखता है। पानी कम पीने पर यह आंतों में फंसकर कब्ज पैदा कर सकता है।
- दिन में एक बार 1 से 2 चम्मच भीगा हुआ गोंद कतीरा काफी है।