By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 19, 2020
नयी दिल्ली। सरकार का आयकर कानून के तहत सभी प्रक्रियाओं के लिए चेहराविहीन आकलन शुरू करने का प्रस्ताव है। इसमें कर संग्रह, वसूली और जानकारी एकत्र करना इत्यादि शामिल है। चेहराविहीन प्रक्रिया में किसी भी क्षेत्र के करदाता का कर आकलन देशभर के किसी भी आयकर कार्यालय में किया जाता है। उदाहरण के लिए चेन्नई के करदाता का कर आकलन सूरत के आयकर कार्यालय में हो सकता है और सूरत के करदाता का कर आकलन गुवाहाटी में किया जा सकता है। मौजूदा वक्त में कर आकलन इस प्रक्रिया के तहत शुरू हुआ है और 25 सितंबर से अपील के मामले भी इसी प्रक्रिया के तहत आगे बढ़ेंगे।