गुजरात उच्च न्यायालय के न्यायाधीश ने तीस्ता सीतलवाड़ की याचिका पर सुनवाई से खुद को अलग किया

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Aug 03, 2023

गुजरात उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति समीर दवे ने बृहस्पतिवार को सामाजिक कार्यकर्ता तीस्ता सीतलवाड़ की उस याचिका पर सुनवाई से खुद को अलग कर लिया, जिसमें उन्होंने 2002 के दंगों के मामलों में कथित रूप से फर्जी सबूत गढ़ने के लिए अहमदाबाद अपराध शाखा द्वारा उनके खिलाफ दर्ज की गई प्राथमिकी को रद्द करने का अनुरोध किया गया है। सुनवाई के लिए जब मामले का उल्लेख किया गया तो न्यायमूर्ति दवे ने कहा, ‘‘मेरे सामने नहीं। अब, उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश मामले को एक नये न्यायाधीश के पास भेजेंगे।’’ एक सत्र अदालत ने इस मामले में आरोपमुक्त किये जाने संबंधी सीतलवाड़ की याचिका पिछले महीने खारिज कर दी थी जबकि गुजरात उच्च न्यायालय द्वारा उन्हें राहत देने से इनकार करने के बाद उच्चतम न्यायालय ने उन्हें जमानत दे दी थी।

राज्य सरकार ने पहले सत्र अदालत में सुनवाई के दौरान आरोप लगाया था कि सीतलवाड़ ने तत्कालीन मुख्यमंत्री (अब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी), वरिष्ठ अधिकारियों और मंत्रियों सहित निर्दोष व्यक्तियों को फंसाने के लिए पीड़ितों के नाम पर हलफनामे तैयार किये थे। एहसान जाफरी उन 68 लोगों में शामिल थे, जो गोधरा ट्रेन अग्निकांड के एक दिन बाद 28 फरवरी, 2002 को अहमदाबाद की गुलबर्ग सोसाइटी में भड़की हिंसा के दौरान मारे गए थे। गोधरा ट्रेन अग्निकांड में 59 लोगों की मौत हुई थी।

प्रमुख खबरें

France Social Media Ban: 15 साल से कम उम्र के बच्चों पर पाबंदी, President Macron का ऐतिहासिक फैसला

US-China Relations में सुधार की उम्मीद: Marco Rubio बोले- Xi Jinping की यात्रा से सुलझेंगे आपसी मतभेद

David Warner ने Drink Driving Case में स्वीकार किया अपना जुर्म, 18 August को कोर्ट सुनाएगी अंतिम सजा

Hanuma Vihari ने Shubman Gill की Captaincy पर उठाए सवाल, Kuldeep Yadav को बाहर रखना बताया बड़ी गलती