By एकता | Oct 18, 2026
मध्य प्रदेश के ग्वालियर में शनिवार देर रात शीतला माता मंदिर के पास बड़ा हादसा हो गया। पुलिस के मुताबिक, एक ट्रक ने श्रद्धालुओं को रौंद दिया और इसके बाद मंदिर के प्रवेश द्वार से जा टकराया। हादसे में 15 लोगों की मौत हो गई और 27 लोग घायल हुए हैं। टक्कर इतनी तेज थी कि मंदिर के प्रवेश द्वार की दीवार का एक हिस्सा गिर गया। इसके मलबे में कई लोग दब गए। पुलिस और बचाव दल ने मौके पर पहुंचकर मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकाला।
पुलिस अधीक्षक यादव ने बताया, "सप्तमी के मौके पर शनिवार रात ग्वालियर और आसपास के जिलों से बड़ी संख्या में लोग मंदिर पहुंचे थे। भीड़ को देखते हुए भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाई गई थी।" उन्होंने बताया, "रात करीब 1:30 बजे चिनोर की तरफ से धान से भरा एक ट्रक आया। पुलिस ने उसे बैरिकेड पर रोकने की कोशिश की, लेकिन ढलान पर चालक ने वाहन पर नियंत्रण खो दिया और ट्रक सड़क किनारे लगी दुकानों और श्रद्धालुओं को टक्कर मारता हुआ आगे बढ़ गया।" इसके बाद ट्रक बैरिकेड तोड़कर मंदिर के प्रवेश द्वार से जा टकराया। इस दौरान उसने कई श्रद्धालुओं और दुकानों को अपनी चपेट में ले लिया।
पुलिस के मुताबिक, हादसे में 5-6 प्रसाद की दुकानें क्षतिग्रस्त हो गईं। दुर्घटना में करीब 41 लोग ट्रक की चपेट में आए। घायलों में से पांच लोगों को गंभीर चोटें आई हैं। उन्हें ग्वालियर के अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। बाकी लोगों को मामूली चोटें आई हैं। हादसे में जान गंवाने वाले सभी लोग ग्वालियर और आसपास के जिलों के रहने वाले थे।
प्रधानमंत्री कार्यालय ने ‘एक्स’ पर पोस्ट कर हादसे पर दुख जताया। पोस्ट में कहा गया, "ग्वालियर, मध्य प्रदेश में हुए हादसे में लोगों की मौत की खबर से दुखी हूं। मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं। घायलों के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।" प्रधानमंत्री कार्यालय ने बताया कि मृतकों के परिजनों को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से 2 लाख रुपये की सहायता दी जाएगी। वहीं, घायलों को 50 हजार रुपये दिए जाएंगे।
जिला कलेक्टर रुचिका चौहान ने बताया कि घायलों का इलाज रेड क्रॉस के फंड से किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि घायलों को जरूरी सभी चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।