By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 02, 2026
चंडीगढ़, दो सितंबर हरियाणा कांग्रेस अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने बुधवार को राज्य में जन्म के समय लिंगानुपात में ‘‘लगातार गिरावट’’ को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार पर तीखा हमला बोला। सिंह ने कहा कि जिस हरियाणा से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 2015 में ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान की शुरुआत की थी, आज उसी राज्य में पैदा होने वाली लड़कियों की संख्या लगातार घट रही है, जो सरकार के दावों की वास्तविकता उजागर करती है। सिंह ने कहा कि हाल में संपन्न विधानसभा के मानसून सत्र में सरकार द्वारा पेश किए गए आंकड़े बेहद चिंताजनक हैं।
यह करीब आठ वर्षों में राज्य में दर्ज सबसे निचला स्तर है।’’ उन्होंने कहा कि सरकार ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान के नाम पर कार्यक्रम आयोजित कर रही है और विज्ञापन जारी कर रही है, लेकिन पैदा होने वाली लड़कियों का अनुपात जमीनी स्तर पर लगातार घट रहा है। उन्होंने कहा कि यह महज आंकड़ा नहीं, बल्कि सरकारी नीतियों और निगरानी तंत्र की गंभीर विफलता का स्पष्ट संकेत है। सिंह ने कहा कि जिलेवार आंकड़े भी चिंता का कारण हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘चरखी दादरी में लिंगानुपात 913 से घटकर 829 हो गया।’’ उन्होंने कहा कि अंबाला में यह अनुपात 2019 के 959 से घटकर जून 2026 तक 884 हो गया। उन्होंने कहा कि गुरुग्राम में यह 910 से घटकर 871, रेवाड़ी में 919 से घटकर 891, झज्जर में 914 से घटकर 871, जींद में 938 से घटकर 878, पानीपत में 939 से घटकर 880, कैथल में 919 से घटकर 903 और यमुनानगर में 936 से घटकर 895 हो गया। उन्होंने कहा कि इसके विपरीत, करनाल में 945, पलवल में 930, फरीदाबाद में 920, नूंह में 918 और फतेहाबाद में 917 का लिंगानुपात तुलनात्मक रूप से बेहतर रहा।
सरकार के अनुसार, कन्या भ्रूण हत्या रोकने और लिंगानुपात में सुधार के लिए गर्भधारण पूर्व और प्रसव पूर्व निदान तकनीक (लिंग चयन निषेध) (पीसीपीएनडीटी) अधिनियम तथा चिकित्सा गर्भपात अधिनियम के तहत 1,422 मामले दर्ज किए गए हैं। ‘बेटी के साथ सेल्फी’, ‘प्यारी बेटी न्यूजलेटर’ और फिल्म महोत्सव जैसी जागरूकता पहल भी आयोजित की जा रही हैं।