By नीरज कुमार दुबे | Oct 18, 2024
इजरायली रक्षा बलों (आईडीएफ) ने हमास प्रमुख याह्या सिनवार को मार गिराया है। कसाई के नाम से मशहूर याह्या सिनवार को इजराइल ने जिस तरह की मौत दी है वह दुनिया में बैठे हर आतंकी आका के लिए तगड़ा सबक है कि बुरे काम का अंजाम बेहद बुरा ही होता है। हम आपको बता दें कि याह्या सिनवार ही 7 अक्टूबर, 2023 को इजराइल पर हुए भीषण आतंकी हमले की साजिश का मास्टरमाइंड था। इजराइल ने याह्या सिनवार को उसके बिल में ही घुस कर उड़ा दिया और देखते ही देखते वह तस्वीर दुनियाभर में वायरल हो गयी।
याह्या सिनवार की मौत के बाद इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि अगर हमास बंधकों को वापस कर देता है और अपनी सशस्त्र कार्रवाई बंद कर देता है तो युद्ध तुरंत समाप्त हो सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि क्षेत्र में ईरानी शासन का प्रभाव कम हो रहा है। उन्होंने अपने संबोधन में ईरान समर्थित हिजबुल्लाह के समूचे नेतृत्व के खात्मे का जिक्र करते हुए हमास से हथियार डालने के लिए कहा है। इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने सिनवार के खात्मे की प्रशंसा करते हुए इसे इज़राइल के लिए एक महत्वपूर्ण क्षण बताया है और कहा है कि आतंकवादी न्याय से बच नहीं सकते। उन्होंने इस स्थिति की तुलना 2011 में ओसामा बिन लादेन की मौत के बाद अमेरिकी प्रतिक्रिया से भी की।
हम आपको बता दें कि आईडीएफ ने कहा है कि सिनवार एक साल से अधिक समय तक नज़र रखने के बाद एक सैन्य अभियान के दौरान मारे गए तीन हमास आतंकवादियों में से एक था। दरअसल इज़राइल में कारावास के दौरान सिनवार के कुछ टेस्ट किये गये थे। उसी की बदौलत सिनवार के शरीर का डीएनए परीक्षण किया गया और उसकी पहचान की पुष्टि की गई। सिनवार के दांतों के रिकॉर्ड, उंगलियों के निशान और डीएनए परीक्षण से उसकी मौत की पुष्टि होने के बाद सेना ने कहा कि खुफिया सेवाएं महीनों से सिनवार की तलाश कर रही थीं और धीरे-धीरे उस क्षेत्र को प्रतिबंधित कर रही थीं जहां उसके होने की ज्यादा संभावनाएं थीं। आईडीएफ ने यह भी बताया कि सिनवार अपने अंतिम क्षणों में अकेला ही था। बताया जा रहा है कि इजराइली रक्षा बलों ने दक्षिणी गाजा में सिनवार को जब पकड़ा था तब वह इस बात से अंजान थे कि उन्होंने अपने देश के नंबर एक दुश्मन को पकड़ लिया है।
बताया जा रहा है कि जिस तरह हाल में कई बड़े आतंकियों को लक्षित हमलों में मारा गया उस तरह सिनवार नहीं मारा गया क्योंकि वह अचानक पकड़ में आया था। बताया जा रहा है कि बुधवार को दक्षिणी गाजा के ताल एल सुल्तान क्षेत्र में उसे इजराइली सैनिकों ने देखा था। इजराइल सैनिक उस क्षेत्र की तलाश कर रहे थे क्योंकि उन्हें लग रहा था कि यहां हमास के आतंकी होंगे। इजराइल सैनिकों ने तीन संदिग्ध आतंकवादियों को इमारतों के बीच घूमते देखा और गोलीबारी शुरू कर दी जिससे सिनवार एक खंडहरनुमा इमारत में भाग गया। इज़रायली मीडिया में छपी ख़बरों के मुताबिक, इमारत पर टैंक के गोले और एक मिसाइल भी दागी गई। बाद में सेना ने एक मिनी ड्रोन से फुटेज जारी किया जिसमें कहा गया कि गंभीर रूप से घायल सिनवार एक कुर्सी पर बैठा है, उसका चेहरा स्कार्फ से ढका हुआ है। फुटेज में उसे ड्रोन को गिराने के निरर्थक प्रयास में छड़ी फेंकने का प्रयास करते हुए दिखाया गया है। हम आपको बता दें कि इजरायली सैन्य प्रवक्ता रियर एडमिरल डैनियल हगारी ने टेलीविज़न ब्रीफिंग में संवाददाताओं से कहा कि उसने भागने की कोशिश की और हमारी सेना ने उसे मार गिराया। हम आपको बता दें कि अपने जीवन के अंतिम महीनों में सिनवार ने टेलीफोन और अन्य संचार उपकरणों का उपयोग करना बंद कर दिया था जिससे इज़राइल की शक्तिशाली खुफिया सेवाएं उसे ट्रैक नहीं कर पाएं।
इजराइली अधिकारियों ने कहा कि उनका मानना है कि वह सुरंगों के विशाल नेटवर्क में से एक में छिपा हुआ था, जिसे हमास ने पिछले दो दशकों में गाजा के नीचे खोदा था। लेकिन चूंकि इजराइली सैनिकों द्वारा अधिक से अधिक सुरंगों का खुलासा किया जा चुका है इसलिए अब सुरंगों में किसी आतंकी के बचने की कोई संभावना नहीं थी। इजराइल को डर था कि जब सिनवार पकड़ा जायेगा तो वह बंधकों की आड़ लेकर बचने का प्रयास करेगा लेकिन जब वह इजराइली रक्षा बलों के हत्थे चढ़ा तब उसके आसपास कोई बंधक नहीं था।