By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Apr 03, 2022
मेलबर्न, आईसीसी (अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) ज्योफ एलार्डिस ने रविवार को कहा कि ओलंपिक में क्रिकेट को शामिल करने के लिए आईसीसी की कोशिश का मकसद पैसा कमाना नहीं है बल्कि इस खेल की वैश्विक पहुंच बनाने के लिए इसे ऐसे देशों में ले जाने का है जहां यह लोकप्रिय नहीं है। बर्मिंघम में 2022 के राष्ट्रमंडल खेलों में महिला टी 20 क्रिकेट की शुरुआत के बाद आईसीसी ने इस खेल को ओलंपिक में शामिल करने के लिए प्रयास कर रहा है। कुआलालंपुर में 1998 के राष्ट्रमंडल खेलों में पुरुषों की क्रिकेट प्रतियोगिता पहले ही हो चुकी है। एलार्डिस ने ‘एसईएन रेडियो’ के कार्यक्रम ‘दिस इज योर जर्नी - थैंक्स टू टोबिन ब्रदर्स’ में कहा, ‘‘हमारे कई सदस्यों का मानना है ओलंपिक खेल के रूप में क्रिकेट को पहचान मिलने से सरकार और राष्ट्रीय ओलंपिक समिति के साथ जुड़ाव मजबूत होगा। यह सुविधाओं और प्रदर्शन को बेहतर करने के मामले में वास्तव में फायदेमंद होगा।