By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Oct 04, 2026
चोटों और व्यस्त कार्यक्रम के कारण स्थायी एकादश नहीं उतार पाने से चिंतित भारतीय कप्तान शुभमन गिल चाहते हैं कि आगामी एकदिवसीय मुकाबलों में उन खिलाड़ियों को नियमित मौके दिए जाएं जिनके 2027 के आईसीसी विश्व कप में खेलने की संभावना है। भारत ने हाल में वेस्टइंडीज के खिलाफ समाप्त हुई तीन मैच की शृंखला में बड़े पैमाने पर दूसरे दर्जे के खिलाड़ियों को मौका दिया। भारत ने यह श्रृंखला 2-1 से जीती। हालांकि एशियाई खेलों में हिस्सा लेने गए जसप्रीत बुमराह, अर्शदीप सिंह, कुलदीप यादव और अक्षर पटेल जैसे नियमित खिलाड़ियों की गैरमौजूदगी में भारतीय गेंदबाजी में अपेक्षित धार नहीं दिखी।
उन्होंने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि यह दूसरे खिलाड़ियों के लिए अच्छा मौका है। अगर हमारी पूरी ताकत वाला गेंदबाजी क्रम उपलब्ध होता तो शायद इनमें से कुछ खिलाड़ी टीम में नहीं होते। इसलिए यह उनके लिए अपनी क्षमता दिखाने का शानदार अवसर है।’’ भारत के तीन मैच में पावरप्ले के दौरान शुरुआती विकेट हासिल नहीं कर पाने पर गिल ने कहा कि शुरुआत में विकेट नहीं मिलने से टीम को नुकसान हुआ। शनिवार को यहां तीसरे और अंतिम वनडे में वेस्टइंडीज के कप्तान शाई होप ने नाबाद 162 रन की पारी खेलकर अपनी टीम को 352 रन के रिकॉर्ड लक्ष्य का पीछा करते हुए जीत दिलाई। गिल ने कई कैच छोड़ने पर निराशा जताई और कहा कि इससे टीम की लय टूटी।
उन्होंने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि हमने आज करीब तीन या चार कैच छोड़े और मुझे नहीं लगता कि शाई होप का कैच छूटा था। फिर भी तीन-चार कैच छोड़ने से टीम की लय टूटती है।’’ गिल ने कहा, ‘‘पूरी श्रृंखला में हमारा क्षेत्ररक्षण उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। अगर मैं गलत नहीं हूं तो हमने पूरी श्रृंखला में करीब सात कैच छोड़े। विश्व कप की ओर बढ़ते हुए ये ऐसे क्षेत्र हैं जिनमें हमें निश्चित रूप से सुधार करना होगा।’’ तेज गेंदबाज आकिब नबी और अंशुल कंबोज ने इस श्रृंखला में अंतरराष्ट्रीय पदार्पण किया लेकिन गिल ने माना कि दोनों गेंदबाज उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सके।
उन्होंने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि वे इससे कहीं बेहतर प्रदर्शन करना चाहते होंगे। आकर तुरंत प्रदर्शन करना आसान नहीं है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कभी-कभी आपको थोड़ा समय चाहिए होता है।’’ गिल ने कहा, ‘‘बहुत कम खिलाड़ी ऐसे होते हैं जो टीम में आते ही प्रदर्शन करना शुरू कर देते हैं। मैं उम्मीद करता हूं कि वे अपनी गलतियों और मिले मौकों से सीखेंगे।’’
ऑलराउंडर नितीश रेड्डी को तीसरे एकदिवसीय में रविंद्र जडेजा की जगह टीम में शामिल किया गया, लेकिन गिल ने स्पष्ट किया कि अनुभवी बाएं हाथ के स्पिनर को बाहर रखना मुख्य रूप से टीम संयोजन की मजबूरियों के कारण था। उन्होंने कहा, ‘‘सबसे पहले तो मुझे नहीं लगता कि जड्डू भाई को बाहर किया गया था। आगे हम चयनकर्ताओं के साथ चर्चा करेंगे। विश्व कप को ध्यान में रखते हुए जो टीम के लिए सही होगा और उन परिस्थितियों में जो खिलाड़ी अपने कौशल से टीम को अधिक योगदान दे सकता है, हम उसे टीम में रखेंगे।