By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 13, 2019
जिनेवा। भारत के एक वरिष्ठ राजनयिक ने यहां संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार प्रमुख मिशेल बैचलेट से मुलाकात की और उन्हें जम्मू कश्मीर में हालात सामान्य करने के लिये उठाए गए कदमों की जानकारी दी और साथ ही पाकिस्तान से सीमा पार आतंकवाद से होने वाले खतरे को लेकर भारत की चिंताओं से उन्हें अवगत कराया। विदेश मंत्रालय में सचिव (पूर्व) विजय ठाकुर सिंह ने गुरुवार को जिनेवा में बैचलेट से मुलाकात की। इससे कुछ दिन पहले ही मानवाधिकार के लिये संरा उच्चायुक्त ने कश्मीर में प्रतिबंधों के प्रभाव को लेकर “गहरी चिंता” व्यक्त की थी।
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पाकिस्तान के संदर्भ में उन्होंने कहा कि जो लोग दूसरे देशों में अल्पसंख्यकों के अधिकारों की बात कर रहे हैं वो अपने देश में “उन्हें रौंद रहे हैं। वे खुद के पीड़ित होने की बात कह रहे हैं जबकि वास्तव में वे साजिशकर्ता हैं।” भारत ने पांच अगस्त को जम्मू कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले संविधान के अनुच्छेद 370 के कुछ प्रावधानों को रद्द कर राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों में बांट दिया था। इसके विरोध में पाकिस्तान ने भारत के साथ अपने कूटनीतिक संबंधों के स्तर को घटा दिया था।