By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Aug 05, 2021
तोक्यो। जर्मनी को हराकर 41 साल बाद ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाली भारतीय पुरूष हॉकी टीम के ऑस्ट्रेलियाई कोच ग्राहम रीड ने गुरूवार को कहा कि भारत में हॉकी के पुनरोद्धार का हिस्सा बनना उनके लिये सौभाग्य की बात है। बार्सीलोना ओलंपिक 1992 में रजत पदक जीतने वाली आस्ट्रेलियाई टीम का हिस्सा रहे रीड 2019 में भारत के कोच बने थे।उन्होंने ओलंपिक जैसे मंच पर अच्छे नतीजे के लिये प्रक्रिया और युवाओं पर विश्वास पर हमेशा जोर दिया। रीड ने कहा ,‘‘ यह अद्भुत अहसास है। इस टीम ने इसके लिये कई बलिदान दिये हैं।’’
रीड ने कहा ,‘‘ मैच पूरा होने तक कभी पूरा नहीं होता। इस टीम की यही खूबी है कि हार माने बिना इसने वापसी की कोशिश की।’’ उन्होंने जर्मनी के वार झेलने वाले गोलकीपर पी आर श्रीजेश की खास तौर पर तारीफ करते हुएकहा ,‘‘गोल के सामने श्रीजेश जैसा खिलाड़ी होना अच्छी बात है। शुक्र है कि हमें शूटआउट में नहीं जाना पड़ा। वह भारतीय हॉकी का धुरंधर है। उसने काफी मेहनत की है और तभी यहां तक पहुंचा।’’ उन्होंने खेल मंत्रालय और भारतीय खेल प्राधिकरण के प्रयासों की भी सराहना की।