भारत की आर्थिक वृद्धि ठोस रास्ते पर, वित्त वर्ष 2021-22 में 6.5 फीसदी रहने की संभावनाः संरा

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jan 14, 2022

 संयुक्त राष्ट्र| संयुक्त राष्ट्र ने बृहस्पतिवार को कहा कि चालू वित्त वर्ष में भारत की आर्थिक वृद्धि दर 6.5 फीसदी रहने का अनुमान है जो एक साल पहले के 8.4 प्रतिशत पूर्वानुमान से कम है।

यह रिपोर्ट कहती है कि भारत का सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वर्ष 2021-22 में 6.5 फीसदी रहने का अनुमान है जो वर्ष 2020-21 की तुलना में गिरावट को दर्शाता है। यह रिपोर्ट भारत की वृद्धि के आने वाले वित्त वर्ष 2022-23 में और भी गिरकर 5.9 फीसदी रहने का अनुमान जताती है।

अगर कैलेंडर साल के हिसाब से देखें तो 2022 में भारत की जीडीपी के 6.7 फीसदी दर से बढ़ने का अनुमान है जबकि साल 2021 में यह नौ फीसदी बढ़ी थी। इसकी वजह यह है कि कोविड काल में हुए संकुचन का तुलनात्मक आधार प्रभाव अब खत्म हो गया है।

रिपोर्ट कहती है, टीकाकरण की तेज रफ्तार और अनुकूल राजकोषीय एवं मौद्रिक रुख के बीच भारत का आर्थिक पुनरुद्धार ठोस रास्ते पर है...।’’

हालांकि संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट में तेल के ऊंचे दाम और कोयले की किल्लत से भारत की आर्थिक वृद्धि की रफ्तार पर विराम लगने की आशंका भी जताई गई है। निजी निवेश को प्रोत्साहन देने के लिए यह काफी अहम होगा।

प्रमुख खबरें

Allahabad High Court ने मुख्य सचिव को समन भेजा, Hindalco मामले में 31 को होगी सुनवाई

Karan Adani ने Odisha CM मोहन माझी से मुलाकात की, स्वच्छ ऊर्जा और 3000 MW संयंत्र पर हुई चर्चा

Kannauj JNV में घटिया भोजन पर छात्रों का विरोध, DM के आश्वासन पर माना हंगामा

Sukhbir Singh Badal पर नांदेड़ में कृपाण से हमला हुआ, शिअद ने CBI जांच की मांग की