By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 19, 2026
भारत की क्विम्सी डिसूजा एशियाई खेलों की टेकबॉल महिला एकल सेमीफाइनल स्पर्धा में इंडोनेशिया की सुमाया के खिलाफ जुझारू प्रदर्शन करने के बावजूद हार गई और अब कांस्य पदक के लिये खेलेंगी। क्विम्सी ने शुरूआती बढत बनाई लेकिन लय कायम नहीं रख पाई और 12-7, 9-12, 7-12 से हार गई। इससे पहले प्रदेश स्तर पर फुटबॉल और 1500 मीटर दौड़ में भाग लेने वाली मुंबई की इस खिलाड़ी ने ब्राजील के महान फुटबॉलर रोनाल्डिन्हो को इंस्टाग्राम पर अपना कौशल दिखाते हुए देखने के बाद टेकबॉल खेलना शुरू किया। क्विम्सी अब रविवार को कांस्य पदक का प्लेआफ खेलेगी।
उन्होंने भारतीय खिलाड़ी को रैलियों में उलझाया। एक समय स्कोर 9-9 से बराबरी पर था। इंडोनेशियाई खिलाड़ी के दो शानदार ड्रॉप शॉट्स ने क्विम्सी को दबाव में डाल दिया। इसके बाद भारतीय खिलाड़ी ने एक स्मैश शॉट बाहर मार दिया और सुमाया ने मैच को बराबरी पर ला दिया। भारतीय खिलाड़ी ने निर्णायक गेम में शानदार ड्रॉप शॉट्स और दमदार स्मैश के दम पर 3-0 की बढ़त बना ली। इसके बाद वह 5-2 और फिर 6-3 से आगे थी लेकिन इंडोनेशिया की खिलाड़ी ने लगातार नौ अंक बनाकर जीत हासिल कर ली।
क्विम्सी मैच समाप्त होने के बाद अपने आंसू नहीं रोक पाई क्योंकि वह जीत के बेहद करीब थी। उन्होंने कहा, ‘‘उसे सेपक टकरा की पृष्ठभूमि के कारण फायदा मिला, लेकिन यह एक अच्छा मैच था जिसमें बेहतर खिलाड़ी की जीत हुई।’’ टेकबॉल को पहली बार एशियाई खेलों में शामिल किया गया है। टेकबॉल फुटबॉल और टेबल टेनिस का मिश्रण है।
इस खेल का आविष्कार 2014 में हंगरी में फुटबॉल के शौकीन गैबोर बोरसानी, ग्योरगी गैटियन और विक्टर हुस्ज़ार ने किया था। पहली आधिकारिक टेकबॉल विश्व चैंपियनशिप 2017 में बुडापेस्ट में आयोजित की गई थी। टेकबॉल में खिलाड़ी हाथों और बाजुओं को छोड़कर अपने शरीर के लगभग हर हिस्से का उपयोग करते हुए एक मानक आकार की फुटबॉल को एक पारदर्शी प्लेक्सीग्लास से विभाजित घुमावदार टेबल पर उछालते हैं।