By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 02, 2022
रक्षा मंत्री ने कहा कि लगातार बदलती वैश्विक परिस्थितियों के बीच निर्बाध समुद्री व्यापार के लिए देश के समुद्री हितों की रक्षा करने की जिम्मेदारी भारतीय नौसेना के कंधों पर है। उन्होंने नौसेना की प्रशंसा करते हुए कहा कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संकटों के समय नौसेना हमेशा ‘सबसे पहले सक्रिय’ होती है। सिंह ने विश्वास व्यक्त किया कि ‘आईएनएस विक्रांत’ को देश-सेवा में समर्पित करने से नौसेना की क्षमता और बढ़ेगी। रक्षा मंत्री ने कहा, ‘‘यह मित्र देशों को आश्वासन है कि भारत क्षेत्र की सामूहिक रक्षा आवश्यकताओं को पूरा करने में पूरी तरह सक्षम है। हम मुक्त, खुले और समावेशी हिंद-प्रशांत में विश्वास करते हैं। इस दिशा में हमारे प्रयास ‘सागर’ (क्षेत्र में सभी के लिए सुरक्षा और प्रगति) द्वारा निर्देशित हैं, जिसकी परिकल्पना प्रधानमंत्री ने की है।” उन्होंने कहा कि आईएनएस विक्रांत को राष्ट्र-सेवा में समर्पित करना इस बात की पुष्टि है कि सरकार ‘आत्मनिर्भर भारत’ को हासिल करने के लिए दृढ़ प्रतिज्ञ है।