Adani Group के Bonds की जबरदस्त डिमांड, अमेरिकी Institutional Investors भी बढ़ा रहे हिस्सेदारी

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Mar 13, 2026

 पश्चिम एशिया संकट से वैश्विक बाजारों में आई अस्थिरता के बीच निवेशकों ने अदाणी समूह के डॉलर में जारी बॉन्ड बेचने में बहुत कम दिलचस्पी दिखाई है। समूह की बंदरगाह कंपनी एपीएसईजेड की तरफ से बॉन्ड पुनर्खरीद की पेशकश के बावजूद ऐसा निवेशक रुझान देखने को मिला है। मामले से परिचित सूत्रों ने कहा कि अदाणी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन लिमिटेड (एपीएसईजेड) ने नकद निविदा प्रस्ताव के जरिये अमेरिकी डॉलर में जारी दो शृंखलाओं के जल्द परिपक्व होने वाले बॉन्ड का कुछ हिस्सा वापस खरीद लिया। इससे कंपनी के बकाया ऋण में लगभग 19.95 करोड़ अमेरिकी डॉलर की कमी आई।

सूत्रों ने कहा कि प्रारंभिक समय-सीमा के बाद निवेशकों ने 2027 में परिपक्व होने वाले बॉन्ड में पांच लाख डॉलर और 2031 में परिपक्व होने वाले बॉन्ड में 21.3 लाख डॉलर अतिरिक्त पेश किए। इस तरह कुल बॉन्ड पुनर्खरीद बढ़कर 19.95 करोड़ डॉलर हो गई। यह कदम देश की सबसे बड़ी निजी बंदरगाह संचालन कंपनी एपीएसईजेड की उस व्यापक रणनीति का हिस्सा है जिसके तहत कंपनी अपने बही-खाते में उपलब्ध अतिरिक्त नकदी का उपयोग कर धीरे-धीरे कर्ज घटा रही है।

अदाणी समूह की कंपनी ने हाल के वर्षों में पुनर्वित्तपोषण और चयनित पुनर्खरीद के जरिए अपने कर्ज ढांचे को पुनर्गठित किया है और इसके साथ अंतरराष्ट्रीय पूंजी बाजारों तक अपनी पहुंच भी बनाए रखी है। इस लेनदेन से जुड़े एक व्यक्ति ने कहा, ‘‘हमें उम्मीद थी कि अधिक निवेशक बॉन्ड वापस बेचेंगे लेकिन प्रतिक्रिया काफी सकारात्मक रही।’’ सूत्रों ने कहा कि अमेरिका स्थित कुछ संस्थागत निवेशक द्वितीयक बाजार में भी अदाणी समूह से जुड़े बॉन्ड में अपनी हिस्सेदारी बढ़ा रहे हैं। प्रारंभिक समयसीमा के बाद स्वीकार किए गए बॉन्ड का निपटान 16 मार्च के आसपास होने की संभावना है।

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