By Ankit Jaiswal | Sep 24, 2026
आईपीएल 2027 की तैयारियों के बीच नीलामी को लेकर तस्वीर अब साफ हो गई है। लगातार तीन साल विदेश में आयोजित होने के बाद आईपीएल की मिनी नीलामी इस बार भारत लौट रही है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने दिसंबर में होने वाली नीलामी के लिए गोवा को चुना है। यह फैसला इसलिए भी खास है क्योंकि 2023 सीजन से पहले कोच्चि में हुई नीलामी के बाद पहली बार यह आयोजन भारत में होगा।
बता दें कि पिछले तीन साल से आईपीएल की नीलामी भारत से बाहर आयोजित होती रही है। 2024 सीजन से पहले खिलाड़ियों की नीलामी दुबई में हुई थी। इसके बाद 2025 सीजन के लिए दो दिन तक चलने वाली बड़ी नीलामी सऊदी अरब के जेद्दा में आयोजित की गई थी। वहीं 2026 सीजन की छोटी नीलामी अबू धाबी में हुई थी। इस तरह गोवा में होने वाली नीलामी के साथ यह आयोजन तीन साल बाद फिर भारतीय जमीन पर लौटेगा।
आईपीएल संचालन से जुड़े अधिकारियों की ओर से पहले भी संकेत दिए गए थे कि नीलामी को वापस भारत लाने की कोशिश की जा रही है। हालांकि दिसंबर में आयोजन के लिए सही जगह तलाशना आसान नहीं रहा है। इस समय देश के कई बड़े आयोजन स्थल शादी और दूसरे कार्यक्रमों के कारण पहले से व्यस्त रहते हैं। नीलामी होने की वजह से इस बार कम जगह और कम व्यवस्थाओं की जरूरत होगी, जिससे गोवा को चुनना आसान हुआ है।
गौरतलब है कि नीलामी में सभी टीमों के सामने बड़ी संख्या में खिलाड़ियों को चुनने की जरूरत नहीं होती है। आम तौर पर टीमें पहले से मौजूद अपने दल में कुछ खास कमियों को दूर करने, बाहर किए गए खिलाड़ियों की जगह नए खिलाड़ी लेने और जरूरत के हिसाब से सीमित बदलाव करने पर ध्यान देती हैं। इसलिए 2027 की नीलामी का आकार 2025 सीजन से पहले हुई बड़ी नीलामी जैसा नहीं होगा।
मौजूद जानकारी के अनुसार, नीलामी की पूरी तस्वीर अभी सामने नहीं आई है। खिलाड़ियों के पंजीकरण की सूची, अंतिम तारीख, गोवा में सटीक आयोजन स्थल और खिलाड़ियों को अपने साथ बनाए रखने, बाहर करने तथा टीमों के बीच संभावित बदलाव के बाद प्रत्येक टीम के पास बची रकम की जानकारी बाद में सामने आएगी।
2027 सीजन के लिए प्रत्येक टीम के खिलाड़ियों पर खर्च करने की सीमा बढ़कर 130 करोड़ रुपये तक पहुंचने की व्यवस्था है। यह पिछले कुछ वर्षों में खिलाड़ियों पर खर्च की सीमा में लगातार हो रही बढ़ोतरी का हिस्सा है। टीमों के पास नीलामी से पहले अपने मौजूदा खिलाड़ियों को बनाए रखने और कुछ खिलाड़ियों को बाहर करने के बाद खर्च के लिए अलग-अलग रकम होगी।
अब गोवा का नाम तय होने के बाद टीमों की नजर खिलाड़ियों को अपने साथ बनाए रखने और छोड़ने से जुड़े फैसलों पर रहेगी। इसके बाद खिलाड़ियों की बाजार में उपलब्धता और टीमों की जरूरत के हिसाब से रणनीति तैयार होगी। दिसंबर में होने वाली यह नीलामी आकार में भले ही बड़ी न हो, लेकिन आईपीएल 2027 के लिए टीमों की अंतिम तस्वीर तैयार करने में इसकी भूमिका अहम रहेगी।