पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कांग्रेस को लगा बड़ा झटका, रालोद में शामिल हुए हापुड़ से 4 बार विधायक रहे गजराज सिंह

By अनुराग गुप्ता | Jan 13, 2022

नोएडा। उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव का बिगुल बजने के साथ नेताओं के पाला बदलने का सिलसिला भी शुरू हो गया है। इसी बीच कांग्रेस से चार बार विधायक रहे गजराज सिंह ने गुरुवार को राष्ट्रीय लोक दल (रालोद) प्रमुख जयंत चौधरी से मुलाकात की और फिर रालोद की सदस्यता ग्रहण कर ली। रालोद प्रमुख ने ट्वीट कर खुद इसकी जानकारी दी। उन्होंने गजराज सिंह की तस्वीर साझा करते हुए पार्टी में उनका स्वागत किया।

उत्तर प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं में से एक गजराज सिंह ने रालोद की सदस्यता ग्रहण कर ली है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश की हापुड़ से कांग्रेस की टिकट पर गजराज सिंह चार बार विधानसभा पहुंचे हैं। गजराज सिंह साल 1985, 1989, 1993 और 2012 में हापुड़ विधानसभा सीट से चुनाव जीत चुके हैं। हालांकि साल 2017 के चुनाव में गजराज सिंह को हार का सामना करना पड़ा था। उन्होंने अब तक सात बार कांग्रेस की टिकट पर विधानसभा चुनाव लड़ा है।

गजराज सिंह से पहले रालोद में अवतार सिंह भड़ाना ने रालोद की सदस्यता ग्रहण की। सिंह भड़ाना मुजफ्फरनगर के मीरपुर से विधायक हैं। उन्होंने भाजपा की टिकट पर साल 2017 का विधानसभा चुनाव लड़ा था और मीरपुर से जीतकर विधानसभा पहुंचे थे। इसके बाद उन्होंने कांग्रेस की टिकट पर साल 2019 का लोकसभा चुनाव लड़ा था लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। हालांकि उन्होंने विधानसभा पद से इस्तीफा नहीं दिया था। ऐसे में उन्हें भाजपा का ही विधायक माना जाता रहा था।

कई दिग्गजों ने छोड़ी पार्टी

स्वामी प्रसाद मौर्य के बाद कई दिग्गजों ने भाजपा को अलविदा कहा है। मंगलवार को स्वामी प्रसाद मौर्य, बुधवार को दारा सिंह चौहान और आज धर्म सिंह सैनी ने योगी मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद धर्म सिंह सैनी ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव से मुलाकात की। हालांकि अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि धर्म सिंह सैनी किस पार्टी में शामिल होंगे लेकिन अखिलेश के साथ उनकी तस्वीर काफी कुछ कह रही है।

प्रमुख खबरें

PM Modi ने बांटे 51000 नियुक्ति पत्र, बोले- 40 FTAs से युवाओं के लिए खुल रहे नए अवसर

Nandigram Bypoll: कांग्रेस कैंडिडेट मिलन प्रधान तीन अक्टूबर तक भेजे गए जेल,नहीं कर पाएंगे प्रचार

US को Russia ने दी खुली चुनौती, नए प्रतिबंधों का जवाब सैन्य प्रतिरोध से देने की तैयारी में Moscow

चीनी आर्मी ने पकड़ लिए थे मेरे लोग और फिर...NSA डोभाल ने सुनाया 50 साल पुराना किस्सा