By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 08, 2026
रांची, सात अगस्त झारखंड भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों ने शुक्रवार को कहा कि राज्य सरकार के साथ बातचीत के बावजूद वे अपना आंदोलन जारी रखेंगे। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जब तक 14वीं जेपीएससी परीक्षा को रद्द करने समेत उनकी सभी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक वे आंदोलन नहीं रोकेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि अगर रविवार तक उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो वे 10 अगस्त को राज्य विधानसभा तक मार्च करेंगे।
हालांकि, हमने तब तक अपना विरोध जारी रखने का फैसला किया है, जब तक कि हमारी सभी मांगें पूरी नहीं हो जातीं।’’ राज्य के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री सुदिव्य कुमार ने कहा कि सरकार छात्रों की चिंताओं को लेकर संवेदनशील है। कुमार ने पत्रकारों से कहा, ‘‘हमने प्रदर्शनकारी छात्रों के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। सरकार उनकी मांगों के प्रति संवेदनशील है और उन पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करने को तैयार है।
इसका नतीजा जल्द ही सामने आएगा।’’ मंत्री दीपिका पांडे सिंह ने कहा कि समिति ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को छात्रों की मांगों से अवगत करा दिया है। उन्होंने कहा, ‘‘मुख्यमंत्री छात्रों को लेकर चिंतित हैं और जल्द ही कोई नतीजा निकलेगा।’’ इस बीच, देवेंद्र महतो के नेतृत्व में प्रदर्शनकारियों के एक और गुट ने दावा किया कि उन्हें सरकार से बातचीत का न्योता मिला है। महतो के नेतृत्व वाले इस गुट ने कहा कि उन्होंने बातचीत के लिए सरकार को आठ सदस्यों वाले प्रतिनिधिमंडल के नाम सौंप दिए हैं।
प्रदर्शनकारी 14वीं जेपीएससी सिविल सेवा परीक्षा को रद्द करने और कथित अनियमितताओं की केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) या राज्य के बाहर के उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश की समिति से स्वतंत्र जांच कराने की मांग कर रहे हैं। झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन शुक्रवार को 14वें दिन में प्रवेश कर गया, जिसमें छह प्रदर्शनकारी अपनी भूख हड़ताल जारी रखे हुए हैं।