By अभिनय आकाश | Aug 01, 2026
जोधपुर एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर VS जैतावत ने 'पब्लिक एग्जामिनेशन (प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स) अमेंडमेंट बिल, 2026' पर बहस के दौरान IIT मद्रास के डायरेक्टर V कामाकोटी पर कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा की टिप्पणी की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि यह "किसी भी नज़रिए से स्वीकार्य नहीं है।" कामाकोटी, परीक्षा सुधारों पर सरकार द्वारा बनाई गई हाई-लेवल टास्क फोर्स के सदस्य हैं। ANI से बात करते हुए जैतावत ने कहा कि प्रोफेसर कामाकोटी अपने क्षेत्र के जाने-माने एक्सपर्ट हैं और उन्हें पद्म श्री समेत कई सम्मान मिले हैं। कांग्रेस नेता का नाम लिए बिना उन्होंने कहा कि मशहूर एकेडमिक के खिलाफ की गई किसी भी व्यंग्यात्मक टिप्पणी को वापस लिया जाना चाहिए।
संसद में मज़ाकिया और व्यंग्यात्मक अंदाज़ में ऐसे एकेडमिक को 'गोमूत्र (गाय का पेशाब) विशेषज्ञ' कहकर उनका मज़ाक उड़ाना किसी भी एकेडमिक को मंज़ूर नहीं होगा। देश का कोई भी एकेडमिक इसे पसंद नहीं करेगा। भले ही गोमूत्र के विषय पर आगे बहस हो सकती है, लेकिन संसद में एकेडमिक्स के बारे में ऐसी बातें स्वस्थ लोकतांत्रिक बातचीत का हिस्सा नहीं हैं। मेरा मानना है कि जिन लोगों ने ये बातें कहीं, उन्हें देश के एकेडमिक समुदाय के प्रति सम्मान दिखाते हुए शालीनता से इन्हें वापस ले लेना चाहिए।