RG Kar Case: कीर्ति आजाद का CBI पर सीधा हमला, बोले- 'Mamata सरकार को बदनाम किया'

By अभिनय आकाश | Jun 13, 2026

तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसद कीर्ति आज़ाद ने शनिवार को आरोप लगाया कि सेंट्रल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन (CBI) की निष्पक्षता प्रभावित हुई है। उन्होंने दावा किया कि एजेंसी ने आखिरकार वही रिपोर्ट स्वीकार कर ली, जो कोलकाता पुलिस ने RG कर मामले के संबंध में सौंपी थी। एएनआई से बात करते हुए आज़ाद ने आरोप लगाया कि केंद्रीय एजेंसी RG कर मामले को लेकर गलत रिपोर्ट जारी कर रही है। TMC सांसद ने यह भी दावा किया कि CBI ने 62 दिनों के बाद पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली सरकार की छवि को पूरी तरह से खराब कर दिया है। आज़ाद ने कहा कि दो दिनों, यानी 48 घंटों के अंदर ही कोलकाता पुलिस ने रिपोर्ट दे दी थी। बीजेपी ने 62 दिनों तक इसका फ़ायदा उठाया क्योंकि CBI को काम पर लगाया गया था। 62 दिनों के बाद CBI ने ममता सरकार को पूरी तरह बदनाम भी किया। और सीबीआई ने वही रिपोर्ट मानी जो कोलकाता पुलिस ने दी थी... इसका मतलब है कि CBI भी प्रभावित हुई है... इसका मतलब है कि CBI गलत रिपोर्ट दे रही थी।

इसे भी पढ़ें: राम मंदिर के चंदे में घपले की कहानी, क्या सच में चढ़ावे से 'चंपत' हो गए 7 करोड़ रुपए?

इस बीच, बीजेपी नेता और तेलंगाना हाई कोर्ट के वकील करुणा सागर ने आरोप लगाया कि शुरुआती जांच के दौरान मामले से जुड़ी अहम जानकारी और डेटा इकट्ठा करने में गड़बड़ी हुई थी। उन्होंने दावा किया कि CBI की शुरुआती जांच में पुलिस की जांच में लापरवाही और कमियों की बात सामने आई थी। सागर ने ANI को बताया, "कलकत्ता हाई कोर्ट ने RG कर अस्पताल रेप और मर्डर केस की सुनवाई करते हुए CBI को मामले की दोबारा जांच के लिए 3 सदस्यों वाली SIT बनाने का निर्देश दिया है... कोर्ट ने यह भी पाया कि मर्डर से जुड़ी अहम जानकारी और डेटा इकट्ठा करने के मामले में पुलिस ने गुमराह किया। CBI की शुरुआती रिपोर्ट में पुलिस की लापरवाही और खराब जांच का ज़िक्र किया गया है।

प्रमुख खबरें

Greenland में US सैन्य ठिकाने बढ़ाने को मंजूरी, डेनमार्क और अमेरिका से सुरक्षा समझौता पास

UP RERA ने 8 जिलों में 17 नई Real Estate परियोजनाओं को दी हरी झंडी

Kangana Ranaut की टिप्पणी पर दायर याचिका आगरा District Court ने खारिज की

त्योहारों पर उपद्रव बर्दाश्त नहीं, CM Yogi Adityanath ने अफसरों को दिए सख्त निर्देश