By अनुराग गुप्ता | Sep 11, 2021
नयी दिल्ली। हिन्दुस्तान को कांग्रेस मुक्त करने का सपना देखने वाली भाजपा चुनावों से पहले कोई भी जोखिम नहीं उठाना चाहती है। ऐसे में भाजपा ने इस साल कई मुख्यमंत्रियों को बदला है। जबकि एक राज्य में कई बार मुख्यमंत्री को बदला है। दरअसल, पंजाब, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, मणिपुर और गोवा में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में भाजपा वहां का माहौल टटोल रही है।
बसवराज बोम्मई की हुई एंट्री
भाजपा ने कर्नाटक में लिंगायत समुदाय के एक नेता को हटाकर दूसरे नेता को प्रदेश की जिम्मेदारी सौंप दी। हालांकि बीएस येदियुरप्पा ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद आगामी चुनाव में पार्टी के वोट हासिल करने की बात कही। मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने से पहले येदियुरप्पा को लिंगायत समुदाय के धर्मगुरुओं ने अपना आशीर्वाद दिया था और उनके हर फैसले के साथ खड़े रहने की बात कही थी। जिसके बाद उन्होंने बसवराज बोम्मई को मुख्यमंत्री बनाने का प्रस्ताव दिया और उनका प्रस्ताव स्वीकार भी हो गया क्योंकि कर्नाटक में बिना येदियुरप्पा के भाजपा का सत्ता में बना रहना काफी मुश्किल माना जाता है। इसीलिए तो पार्टी उन्हें साथ में लेकर चल रही है।
गुजरात में भी बदल गए हालातमुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने विधानसभा चुनाव से लगभग सवा साल पहले अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। आपको बता दें कि 182 सदस्यीय विधानसभा के लिए अगले साल दिसंबर में चुनाव होंगे। विजय रूपाणी ने साल 2017 में दूसरी बार प्रदेश की कमान संभाली थी लेकिन चुनावों से पहले उनके स्थान पर किसी और नेता को पार्टी ने बैठाने का निर्णय लिया है। ऐसे में जल्द ही विधायक दल की बैठक बुलाई जाएगी। जहां पर नया मुख्यमंत्री चुना जाएगा।