By अनन्या मिश्रा | Aug 12, 2026
हिंदू धर्म में सूर्य ग्रहण की अवधि को सबसे ज्यादा अहम माना जाता है। ग्रहण शुरू होने के 12 घंटे पहले से सूतक काल लग जाता है। इस दौरान शुभ कार्य और पूजा-पाठ करने की मनाही होती है। वैदिक पंचांग के मुताबिक आज 12 अगस्त को हरियाली अमावस्या मनाई जा रही है।
आज यानी की 12 अगस्त 2026 को साल का आखिरी सूर्य ग्रहण पड़ रहा है। इस ग्रहण की शुरूआत रात 09:04 मिनट पर होगी। वहीं इसकी समाप्ति अगले दिन यानी 13 अगस्त की रात 01:28 मिनट पर होगा।
यह सूर्य ग्रहण भारत में नहीं दिखाई दिखेगा, इसलिए इसका सूतक काल भारत में मान्य नहीं होगा। ऐसे में भारत में ग्रहण के दौरान पूजा-अर्चना और भोजन करने पर कोई रोक नहीं रहेगी।
बता दें कि यह सूर्य ग्रहण आइसलैंड, ग्रीनलैंड, फ्रांस, अटलांटिक महासागर, ब्रिटेन और यूरोप के ज्यादातर देशों और कनाडा में दिखेगा।
इस दौराम मन ही मन किसी भगवान के मंत्र का जाप करना चाहिए।
खाने की चीजों में तुलसी के पत्ते डालें।
सूर्य ग्रहण के खत्म होने के बाद स्नान जरूर करें।
ग्रहण खत्म होने के बाद मंदिर और घर की सफाई करें।
फिर गंगाजल का छिड़काव कर शुद्ध करें।
सूर्य ग्रहण के समय पूजा-पाठ नहीं करना चाहिए।
इस दौरान भगवान की मूर्ति को स्पर्श नहीं करना चाहिए।
भोजन का सेवन नहीं करना चाहिए।
इस दौरान नुकीली चीजों का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।
कोई भी शुभ और मांगलिक कार्य नहीं करना चाहिए।
प्रेग्नेंट महिलाओं को ग्रहण के दौरान घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए।