By अभिनय आकाश | Oct 28, 2026
विदेश मंत्रालय (MEA) के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बुधवार को बताया कि पिछले आठ महीनों में पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध में भारत के 22 नागरिकों की जान चली गई है, जिनमें 14 नाविक भी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि सरकार इस क्षेत्र में रहने वाले भारतीय समुदाय के संपर्क में है, ताकि उनकी सुरक्षा और भलाई सुनिश्चित की जा सके। विदेश मंत्रालय की एक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान जायसवाल ने कहा कि हम पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष को लेकर बेहद चिंतित हैं। इस संघर्ष में अब तक 22 भारतीय नागरिकों की जान जा चुकी है, जिनमें 14 नाविक भी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि हम वहां मौजूद भारतीय समुदाय के लगातार संपर्क में हैं, ताकि उनकी सुरक्षा और भलाई के लिए हर संभव प्रयास किया जा सके।
सरकार स्थिति पर नजर रखने और प्रभावित चालक दल के सदस्यों की मदद करने के लिए शिपिंग कंपनियों, जहाज संचालकों और राजनयिक मिशनों के साथ मिलकर काम कर रही है। 28 फरवरी को डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ शिपिंग' ने एक सुरक्षा एडवाइजरी जारी की। इसमें ईरान, होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) और फारस की खाड़ी के आसपास बढ़ते तनाव को देखते हुए, भारतीय झंडे वाले जहाजों और भारतीय नाविकों से सावधानी बरतने को कहा गया। सरकार ने चौबीसों घंटे काम करने वाले कंट्रोल रूम भी बनाए हैं, ताकि नाविकों और उनके परिवारों तक मदद पहुंचाई जा सके और उनसे संपर्क बना रहे।