By अभिनय आकाश | Jul 08, 2025
भारत और अमेरिका आज देर रात व्यापार समझौते की घोषणा कर सकते हैं। अधिकारियों ने अनुकूल समझौता होने की उम्मीद जताई है। हालांकि, डेयरी और कई कृषि उत्पादों जैसे प्रमुख क्षेत्रों को इस समझौते से बाहर रखे जाने की उम्मीद है। मकई और कुछ फलों के लिए अधिक बाजार पहुंच सहित कुछ अमेरिकी मांगों को समायोजित किए जाने की संभावना है। यह घोषणा पारस्परिक टैरिफ की समय-सीमा से पहले होने की उम्मीद है, जो आज रात समाप्त हो रही है। भारत संवेदनशील क्षेत्रों, विशेष रूप से गेहूं, मक्का, डेयरी और आनुवंशिक रूप से उगाई जाने वाली फसलों की सुरक्षा के लिए दृढ़ रुख अपना रहा है।
सूत्रों के अनुसार, भारत के अडिग रवैए को देखते हुए अमेरिका ने फिलहाल कृषि सेक्टर में एंट्री के लिए दबाव नहीं डालने का निर्णय किया है। जबकि भारत श्रम आधारित (लेबर इन्टेंसिव) सेक्टर गारमेंट, जेम्स जूलरी और लेदर प्रोडक्ट पर कम अमेरिकी टैरिफ पर कायम है। भारत की ओर से कहा गया है कि बीटीए के बाद के तीन सालों में द्विपक्षीय व्यापार के असल आंकड़े सामने आने लगेंगे। भारत की 60% आबादी प्रत्यक्ष-परोक्ष रूप से कृषि पर निर्भर है। अमेरिका की 1% आबादी कृषि पर निर्भर है। भारत अमेरिका से एनर्जी और डिफेंस की बड़ी खरीद कर इसकी भरपाई करेगा।