WhatsApp पर अब Mobile Number रहेगा Safe, पर Username से बढ़ सकता है Online Fraud का खतरा

By Ankit Jaiswal | Jul 01, 2026

व्हाट्सऐप जल्द अपने सबसे बड़े प्राइवेसी अपडेट में से एक लेकर आ सकता है। कंपनी ऐसे फीचर पर काम कर रही है, जिसके बाद यूजर्स बिना अपना मोबाइल नंबर साझा किए केवल यूज़रनेम के जरिए दूसरे लोगों से बातचीत कर सकेंगे। माना जा रहा है कि यह बदलाव खास तौर पर उन लोगों के लिए फायदेमंद होगा, जिन्हें अपने संपर्क सूची से बाहर के लोगों से भी संवाद करना पड़ता है। हालांकि, इस फीचर को लेकर जहां गोपनीयता बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है, वहीं ऑनलाइन ठगी और फर्जी पहचान का खतरा भी चर्चा का विषय बन गया है।

हालांकि, इस घोषणा के बाद कई डिजिटल विशेषज्ञों और कंटेंट क्रिएटर्स ने सुरक्षा को लेकर चिंता जाहिर की है। उद्यमी और डिजिटल कंटेंट क्रिएटर अंकुर वारिकू ने सोशल मीडिया पर कहा कि यदि मजबूत सुरक्षा व्यवस्था नहीं बनाई गई तो भारत जैसे देश में यह फीचर साइबर ठगी को बढ़ावा दे सकता है। उनका कहना है कि ठग किसी प्रसिद्ध व्यक्ति के नाम से मिलता-जुलता यूज़रनेम बनाकर लोगों को निवेश या अन्य योजनाओं के नाम पर आसानी से गुमराह कर सकते हैं।

प्रसिद्ध यूट्यूबर ध्रुव राठी ने भी इस फीचर पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि यदि कंपनी अपने अन्य मंचों पर चल रहे फर्जी विज्ञापनों और धोखाधड़ी पर पूरी तरह रोक नहीं लगा सकी है, तो नए फीचर के साथ भी ऐसी चुनौतियां सामने आ सकती हैं। वहीं विजय शेखर शर्मा ने भी संकेत दिया कि सत्यापित और असत्यापित यूज़रनेम के बीच भ्रम की स्थिति पैदा हो सकती है, जिसका फायदा ठग उठा सकते हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि केवल गोपनीयता बढ़ाना पर्याप्त नहीं होगा। इसके साथ मजबूत सत्यापन प्रणाली, फर्जी खातों की पहचान करने वाली तकनीक, त्वरित शिकायत निवारण और प्रभावी सुरक्षा व्यवस्था भी जरूरी होगी। यदि ऐसा नहीं हुआ तो यह सुविधा साइबर अपराधियों के लिए नया माध्यम बन सकती है।

गौरतलब है कि पिछले कुछ वर्षों में व्हाट्सऐप पर निवेश, नौकरी, बैंकिंग और डिजिटल भुगतान से जुड़े फर्जी संदेशों के जरिए ठगी के कई मामले सामने आ चुके हैं। ऐसे में यूज़रनेम आधारित व्यवस्था लागू होने के बाद सुरक्षा मानकों की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो जाएगी।

फिलहाल कंपनी ने फीचर की आधिकारिक लॉन्च तिथि की घोषणा नहीं की है। लेकिन माना जा रहा है कि आने वाले समय में इसे चरणबद्ध तरीके से सभी यूजर्स के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि गोपनीयता बढ़ाने वाला यह नया फीचर लोगों के लिए सुरक्षित साबित होगा या फिर साइबर अपराधियों के लिए एक नया हथियार बन जाएगा, इसका जवाब फीचर के साथ लागू होने वाली सुरक्षा व्यवस्था तय करेगी।

प्रमुख खबरें

IPL Trade में मची खलबली, Hardik Pandya के लिए 7 टीमों में होड़, CSK-KKR रेस में सबसे आगे

Wimbledon 2026: Serena Williams का अधूरा रहा Comeback, पहले ही दौर में हारकर हुईं बाहर

FIFA World Cup में Mexico का 40 साल का सूखा खत्म, Ecuador को 2-0 से रौंदकर अंतिम 16 में।

Donald Trump का बड़ा बयान, Iran से बहुत अच्छे हैं संबंध, Qatar में परमाणु डील पर बनी बात?