ओबीसी आरक्षण पर बड़ा दांव! लोकसभा में आज अहम बिल ला सकती है मोदी सरकार

By अंकित सिंह | Aug 09, 2021

जाति आधारित जनगणना की मांग के बीच केंद्र सरकार आज बड़ा दांव खेल सकती है। आज लोकसभा में एक अहम बिल केंद्र सरकार पेश कर सकती है। सूत्रों के मुताबिक ओबीसी समुदाय से जुड़ी लिस्ट तैयार करने के लिए राज्यों को अधिकार देने वाला संविधान संशोधन विधेयक पेश हो सकता है। आल में ही केंद्रीय कैबिनेट ने इस पर मुहर लगाई थी।

इसे भी पढ़ें: अधीर रंजन चौधरी ने PM मोदी को लिखा पत्र, बोले- बंगाल के लिए कोविड वैक्सीन का बढ़ाया जाए कोटा

उच्चतम न्यायालय ने 5 मई के बहुमत आधारित फैसले की समीक्षा करने की केंद्र की याचिका को खारिज कर दिया था जिसमें यह कहा गया था कि 102वां संविधान संशोधन नौकरियों एवं दाखिले में सामाजिक एवं शैक्षणिक रूप से पिछड़े (एसईबीसी) को आरक्षण देने के राज्य के अधिकार को ले लेता है। वर्ष 2018 के 102वें संविधान संशोधन अधिनियम में अनुच्छेद 338 बी जोड़ा गया था जो राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग के ढांचे, कर्तव्यों और शक्तियों से संबंधित है। जबकि 342 ए किसी विशिष्ठ जाति को एसईबीसी अधिसूचित करने और सूची में बदलाव करने के संसद के अधिकारों से संबंधित है। 

इसे भी पढ़ें: OBC पर मोदी सरकार का दूसरा दांव, मंत्रिमंडल ने राज्यों को सूची तैयार करने का अधिकार बहाल करने वाले बिल को दी मंजूरी

गौरतलब है कि विपक्षी दल ने इस मुद्दें को लेकर केंद्र पर संघीय ढांचे पर आघात करने का आरोप लगाया है। वहीं सामाजिक न्याय एवं अधिकारित मंत्री वीरेन्द्र कुमार ने पिछले महीने राज्य सभा में कहा कि सरकार इस मुद्दे को लेकर कानूनी विशेषज्ञों और विधि मंत्रालय से विचार विमर्श कर रही है और ओबीसी सूची का निर्धारण करने के राज्यों के अधिकारों की सुरक्षा के रास्ते तलाश रही है। सूत्रों ने बुधवार को बताया कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने एक विधेयक को मंजूरी प्रदान कर दी जिसमें राज्यों एवं संघ क्षेत्रों को अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) सूची तैयार करने का आधिकार प्रदान किया गया है।

प्रमुख खबरें

Rahul Gandhi पर Devendra Fadnavis का तीखा हमला, लगाया विदेशी साजिश का आरोप

UP Government ने कर्मचारियों को दिया दिवाली तोहफा, 30 दिन के बोनस का ऐलान

PM Modi का 21 नवंबर को Vaishali दौरा, औद्योगिक गलियारा परियोजनाओं की देंगे सौगात

Foreign Secretary Vikram Misri ने काठमांडू में नेपाल के नेता Ravi Lamichhane से की द्विपक्षीय बातचीत