By Neha Mehta | Feb 08, 2026
भारत और मलेशिया के रिश्तों में एक नई जान फूंकने के लिए पीएम मोदी ने कुआलालंपुर (Kuala Lumpur) के अपने हालिया दौरे में IMPACT विज़न की शुरुआत की है। आइए आसान भाषा में समझते हैं कि आखिर ये "इम्पैक्ट" है क्या और इससे क्या बदलने वाला है।
1. सुरक्षा पर खास जोर
आजकल की भागदौड़ भरी दुनिया और बदलती राजनीति को देखते हुए पीएम मोदी ने सुरक्षा पर काफी बात की। आतंकवाद और साइबर खतरों से निपटने के लिए दोनों देश अब साथ मिलकर काम करेंगे। इसमें शामिल है:
2. व्यापार और तरक्की (Business)
अभी भारत और मलेशिया के बीच करीब $17 बिलियन का व्यापार होता है। पीएम मोदी का लक्ष्य है कि 2026 तक इसे और भी ऊंचाइयों पर ले जाया जाए। उन्होंने दोनों देशों की कंपनियों को न्योता दिया है कि वे टेक्नोलॉजी, मैन्युफैक्चरिंग और खेती जैसे सेक्टर्स में साथ मिलकर काम करें और एक-दूसरे की तरक्की में हाथ बटाएं।
3. मेल-जोल और संस्कृति
सिर्फ बिजनेस ही नहीं, लोगों का आपस में मिलना-जुलना भी बहुत जरूरी है। इसके लिए 'IMPACT' के तहत कई प्रोग्राम चलाए जाएंगे:
पीएम मोदी ने साल 2026 को एक खास लक्ष्य के रूप में देखा है। उनका विज़न है कि 2026 तक भारत और मलेशिया पूरे एशिया में स्थिरता और खुशहाली के दो बड़े खंभे बनकर उभरें। यह सिर्फ कागजी प्लान नहीं है, बल्कि एक वादा है कि दोनों देश आने वाले वक्त में टेक्नोलॉजी और सुरक्षा के मामले में लीडर बनेंगे।
कुल मिलाकर, पीएम मोदी का यह दौरा भारत-मलेशिया के रिश्तों में एक नया अध्याय जोड़ गया है। यह विज़न दोनों देशों को एक बेहतर और सुरक्षित भविष्य की ओर ले जाने का रास्ता है।