Haryana Assembly Elections | उम्मीदवारों के नाम तय करने के लिए पीएम मोदी, अमित शाह और जेपी नड्डा ने की अहम चर्चा

By रेनू तिवारी | Aug 30, 2024

1 अक्टूबर को होने वाले हरियाणा विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी के उम्मीदवारों के नाम तय करने के लिए भाजपा की केंद्रीय चुनाव समिति (सीईसी) की गुरुवार शाम को यहां बैठक हुई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा अध्यक्ष जे पी नड्डा समेत अन्य सीईसी सदस्यों ने राज्य चुनाव के लिए पार्टी के संभावित उम्मीदवारों की सूची पर विचार-विमर्श किया।

इससे पहले दिन में शाह, प्रधान और खट्टर समेत वरिष्ठ भाजपा नेताओं ने नड्डा के आवास पर बैठक की और राज्य से भेजे जाने वाले संभावित उम्मीदवारों के नामों पर गहन चर्चा की। नड्डा के आवास पर पार्टी की कोर ग्रुप बैठक में हरियाणा भाजपा प्रमुख मोहन लाल बडोली भी मौजूद थे। इससे पहले प्रधान ने अपने आवास पर हरियाणा भाजपा नेताओं के साथ बैठक की।

भाजपा कोर ग्रुप की बैठक के बाद पार्टी के वरिष्ठ नेता और हरियाणा के पूर्व गृह मंत्री अनिल विज ने कहा कि पार्टी की राज्य टीम ने केंद्रीय टीम को राज्य के राजनीतिक परिदृश्य से अवगत कराया।

इसे भी पढ़ें: Diabetes: डायबिटीज के रोगियों को रोजाना खाने चाहिए ये मैजिकल सीड्स, कंट्रोल में रहेगा ब्लड शुगर लेवल

उन्होंने संवाददाताओं से कहा, "हमारी पार्टी एक लोकतांत्रिक पार्टी है...अब केंद्रीय चुनाव समिति (विधानसभा चुनावों के लिए संभावित उम्मीदवारों पर) अंतिम फैसला लेगी।"

90 सदस्यीय हरियाणा विधानसभा के लिए 1 अक्टूबर को मतदान होना है। मतों की गिनती 4 अक्टूबर को होगी। पिछले विधानसभा चुनावों में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी थी और उसने जननायक जनता पार्टी के साथ चुनाव-पश्चात गठबंधन करके सरकार बनाई थी। हालांकि, इस साल की शुरुआत में लोकसभा चुनावों से ठीक पहले भाजपा-जजपा गठबंधन टूट गया था। लोकसभा चुनावों में भाजपा और कांग्रेस ने हरियाणा की 10 सीटों में से पांच-पांच सीटें जीती थीं।

प्रमुख खबरें

PM Modi ने बांटे 51000 नियुक्ति पत्र, बोले- 40 FTAs से युवाओं के लिए खुल रहे नए अवसर

Nandigram Bypoll: कांग्रेस कैंडिडेट मिलन प्रधान तीन अक्टूबर तक भेजे गए जेल,नहीं कर पाएंगे प्रचार

US को Russia ने दी खुली चुनौती, नए प्रतिबंधों का जवाब सैन्य प्रतिरोध से देने की तैयारी में Moscow

चीनी आर्मी ने पकड़ लिए थे मेरे लोग और फिर...NSA डोभाल ने सुनाया 50 साल पुराना किस्सा