By अभिनय आकाश | Jun 18, 2026
ऑपरेशन सिंदूर का जख्म आज भी मुल्ला मुनीर के दिल और दिमाग में जिंदा है। भारत ने मई 2025 में ऐसा जवाब दिया। ऐसी चोट दी कि उसकी गूंज आज भी इस्लामाबाद के सत्ता गलियारों में सुनाई देती है। 7 मई से 10 मई 2025 तक चली ऑपरेशन सिंदूर की वो रातें आज भी पाकिस्तान के रणनीतिकारों को बेचैन करती है। रूह कपा देती है इनकी। शायद यही कारण है कि कभी तुर्की का ड्रोन किलर सिस्टम तो कभी अमेरिकी टीपीएस 777 रडार और कभी पूरे एयर डिफेंस नेटवर्क को अपग्रेड करने की लगातार खबरें पाकिस्तान से सामने आ रही है। दरअसल आपको बता दें कि मीडिया रिपोर्ट्स जो सामने आई है उसके मुताबिक पाकिस्तान ने तुर्की का अत्याधुनिक एएसईएल एसए एन शाहीन 40 एमएम काउंटर यूएएस सिस्टम तैनात करना शुरू कर दिया है। इसे ड्रोन किलर कहा जाता है आसान भाषा में समझे तो। लेकिन यह सिर्फ एक नए हथियार की कहानी नहीं है।
रक्षा मामलों के जो जानकार हैं उनका यह मानना है कि भारत ने पिछले कुछ वर्षों में ड्रोन, मिसाइल और निगरानी तकनीक के क्षेत्र में जिस तेजी से काम किया है उसने पाकिस्तान को अपनी सुरक्षा रणनीति पर दोबारा से विचार करने और काम करने पर मजबूर कर दिया है। भारत लगातार अपनी क्षमताओं का विस्तार कर रहा है और इससे पाकिस्तान की बेचैनी बढ़ती हुई साफ नजर आ रही है। साफ दिखाई दे रही है और यही कारण है कि इस्लामाबाद लगातार नए सुरक्षा कवच तलाश रहा है। कभी तुर्की, कभी अमेरिका और कभी दूसरे साझेदारों की तरफ देख रहा है। इससे इतना तो यह साफ है कि भारत की बढ़ती सैन्य और तकनीकी क्षमता को लेकर पाकिस्तान की चिंता कम होने के बजाय लगातार बढ़ती हुई दिखाई दे रही है। और यही वजह है कि जो आतंकिस्तान के जो हुक्मरान हैं यह इस समय बेचैन हैं।