By अभिनय आकाश | Sep 08, 2026
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के प्रधान मीडिया सलाहकार नरेश चौहान ने मंगलवार को कहा कि बीजेपी सांसद कंगना रनौत के 'दिशा' (DISHA) बैठक के दौरान व्यवहार और बीजेपी विधायकों से जुड़े वायरल वीडियो को लेकर जो विवाद हुआ है, वह बीजेपी का अंदरूनी मामला है। हालांकि, उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि चुने हुए प्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ उचित सम्मान के साथ पेश आना चाहिए। पत्रकारों से बात करते हुए चौहान ने कहा कि बैठकों के दौरान अधिकारियों के प्रति रनौत के व्यवहार पर सवाल उठाए जा सकते हैं, लेकिन यह कहना गलत होगा कि सरकारी अधिकारी काम नहीं कर रहे हैं। उस वायरल वीडियो के बारे में, जिसमें कथित तौर पर रनौत कुल्लू में उनका स्वागत करने आए बीजेपी विधायकों को नहीं पहचान पाती हैं, चौहान ने कहा, "यह मूल रूप से बीजेपी का अंदरूनी मामला है। वह किन्हें पहचानती हैं और किन्हें नहीं, यह उनका अपना मामला है।
उन्होंने कहा कि हिमाचल गंभीर आर्थिक और आपदा-संबंधी चुनौतियों का सामना कर रहा है और राजनीतिक दलों को राज्य की वित्तीय स्थिति को मजबूत करने और केंद्र से अपने जायज अधिकार हासिल करने के लिए मिलकर काम करना चाहिए। चौहान ने आरोप लगाया कि बीजेपी का ध्यान प्रतीकात्मक राजनीतिक कार्यक्रमों, जैसे दीये जलाने और अन्य आयोजन करने पर ही रहा, जबकि असली मुद्दा यह है कि राजनीतिक दल समाज और युवा पीढ़ी के भविष्य के लिए क्या कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी राजनीतिक दलों के कामकाज और सरकार व विपक्ष में रहते हुए उनकी भूमिका का बारीकी से आकलन करती है।