By एकता | Sep 04, 2026
राम मंदिर ट्रस्ट के नए CEO बनने के बाद एयर मार्शल (सेवानिवृत्त) जितेंद्र मिश्रा ने शुक्रवार को राम भक्तों से समर्थन और आशीर्वाद मांगा। उन्होंने कहा कि ट्रस्ट की व्यवस्थाओं को समझने और नई रणनीति को लागू करने के लिए उन्हें थोड़ा समय दिया जाए। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जल्द ही उनकी योजनाओं के नतीजे जमीन पर दिखाई देने लगेंगे।
जितेंद्र मिश्रा को बुधवार को श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट का पहला CEO नियुक्त किया गया था। पद संभालने के बाद उन्होंने कहा कि फिलहाल वह ट्रस्ट की पूरी व्यवस्था और कामकाज को समझने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि ट्रस्ट के सदस्यों से मुलाकात और राम मंदिर के दौरे के बाद उन्होंने अपनी योजनाओं को लागू करने की दिशा में काम शुरू कर दिया है।
जितेंद्र मिश्रा ने कहा कि उनकी रणनीति के परिणाम आने वाले कुछ दिनों में दिखाई देने लगेंगे। बैठक के बारे में उन्होंने बताया कि इसमें अलग-अलग हितधारकों के साथ मिलकर काम करने और ट्रस्ट के काम को बेहतर तरीके से आगे बढ़ाने पर चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि सभी संबंधित लोगों के साथ बेहतर तालमेल बनाना और ट्रस्ट की व्यवस्था को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है।
राम मंदिर ट्रस्ट की बड़ी जिम्मेदारी मिलने पर जितेंद्र मिश्रा ने भगवान श्री राम के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा कि भगवान राम ने उन्हें इतनी बड़ी जिम्मेदारी देकर अपनी कृपा की है और इससे बड़ी उपलब्धि उनके लिए और क्या हो सकती है।
राम मंदिर ट्रस्ट की बैठक अयोध्या स्थित वैदेही भवन में हुई। इसमें ट्रस्ट के महासचिव गोविंद देव गिरि समेत कई सदस्य शामिल हुए। कुछ सदस्यों ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से बैठक में हिस्सा लिया।
बता दें कि बुधवार को राम मंदिर ट्रस्ट के प्रबंधन में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए गए थे। एयर मार्शल (सेवानिवृत्त) जितेंद्र मिश्रा को ट्रस्ट का पहला CEO नियुक्त किया गया। वहीं गोविंद देव गिरि को नया महासचिव और दिल्ली के महेश भागचंदका को कोषाध्यक्ष बनाया गया। इसके अलावा अयोध्या के मदन मोहन पांडे, शिकोहाबाद की डॉ. निर्मला यादव और महेश भागचंदका को नए ट्रस्टी के तौर पर शामिल किया गया। डॉ. निर्मला यादव ट्रस्ट की पहली महिला सदस्य हैं।
जितेंद्र मिश्रा उन तीन उम्मीदवारों में शामिल थे, जिन्हें CEO पद के लिए चयन समिति ने चुना था। समिति ने इस पद के लिए मिले 5,585 आवेदनों की जांच के बाद उम्मीदवारों का चयन किया था। जितेंद्र मिश्रा ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान पश्चिमी वायु कमान का नेतृत्व कर चुके हैं।
राम मंदिर में चढ़ावे और दान की कथित चोरी के मामले के सामने आने के बाद ट्रस्ट के प्रबंधन में बदलाव किए जाने की बात सामने आई है। इस मामले के बाद ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय और ट्रस्ट सदस्य अनिल मिश्रा समेत कुछ प्रमुख पदाधिकारियों ने इस्तीफा दिया था। वहीं, विशेष आमंत्रित सदस्य गोपाल राव को उनकी जिम्मेदारियों से मुक्त कर दिया गया था। कथित दान चोरी के मामले में आठ लोगों की गिरफ्तारी की जानकारी सामने आई है और वे फिलहाल जेल में हैं।