By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 19, 2026
राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (पीपीसीबी) को कचरा प्रबंधन नियमों का उल्लंघन करने के लिए जालंधर नगर निगम से 8.4 करोड़ रुपये का जुर्माना वसूलने में लापरवाही बरतने को लेकर फटकार लगाई है। अधिकरण जालंधर जिले के वारियाना गांव में कचरा निपटान स्थल पर अवैज्ञानिक तरीके से कचरा फेंकने और वहां जमा हुए पुराने कचरे के ढेर से जुड़े मामले की सुनवाई कर रहा था। एनजीटी के अध्यक्ष न्यायमूर्ति प्रकाश श्रीवास्तव और विशेषज्ञ सदस्य अफरोज अहमद की पीठ ने 12 अगस्त को दिये गये फैसले में कहा कि पीपीसीबी ने एक रिपोर्ट दाखिल की है, जिसमें कहा गया है कि ठोस कचरा प्रबंधन नियमों का पालन न करने के लिए जालंधर नगर निगम पर 9.3 करोड़ रुपये का पर्यावरण मुआवजा लगाया गया है।
एनजीटी ने बोर्ड को यह भी निर्देश दिया कि वह संबंधित स्थल पर मौजूद पुराने कचरे की मात्रा का पता लगाने के लिए मौके पर जांच करे। इस मामले की अगली सुनवाई 28 अक्टूबर को तय की गयी है।