By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 26, 2026
ओडिशा में पिछले कुछ दिनों से हो रही भारी बारिश के कारण राज्य की सभी नदियां उफान पर हैं और हीराकुड बांध से महानदी में अतिरिक्त पानी छोड़ने के लिए 16 गेट खोल दिए गए हैं। राज्य सरकार ने शनिवार को निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना शुरू कर दिया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
जल संसाधन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, जलाशय से अतिरिक्त पानी निकालने के लिए शनिवार को हीराकुड बांध के 11 और गेट खोले गए। अधिकारियों ने बताया कि अब बांध के कुल 16 गेट खोल दिए गए हैं। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, छत्तीसगढ़ में महानदी के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्र में भारी बारिश के कारण हमें और गेट खोलने पड़े।
फिलहाल जलस्तर 629.56 फुट है, जबकि जलाशय का जलस्तर 530 फुट है। उन्होंने बताया कि बाढ़ वाले मैदानी इलाकों और निचले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने को कहा गया है। बस्ता स्थित मथानी में जलका नदी खतरे के निशान 6.5 मीटर के मुकाबले 6.78 मीटर पर बह रही थी।
बालासोर के शोक के नाम से जानी जाने वाली स्वर्णरेखा नदी का जलस्तर भी बढ़ता हुआ दर्ज किया गया, जहाँ जलेश्वर के राजघाट में इसका जलस्तर खतरे के निशान 10.36 मीटर के मुकाबले 10.35 मीटर तक पहुँच गया। विशेषज्ञों ने अनुमान जताया है कि रविवार को नदी का जलस्तर 11.74 मीटर तक पहुंच सकता है। बुधबलंगा नदी भी गोविंदपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-16 (एनएच-16) पर 8.13 मीटर के खतरे के निशान को पार कर गई है और फिलहाल 8.64 मीटर पर बह रही है।
अधिकारियों ने बताया कि बालासोर में कई छोटी नदियां भी उफान पर हैं।