By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Nov 02, 2025
जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने शनिवार को एक कार्यक्रम में कहा, कश्मीर में हमें (राजनेताओं को) लोगों से सवाल पूछने की आदत नहीं है और लोगों को भी जवाब देने की आदत नहीं है। अब्दुल्ला ने यहां नेहरू पार्क से क्राल सांगरी तक बुलेवार्ड रोड के चौड़ीकरण कार्य की आधारशिला रखने के बाद कहा कि कश्मीर में राजनेताओं ने सार्वजनिक बैठकों में लोगों से सवाल पूछना बंद कर दिया है।
अब्दुल्ला ने 2019 से पहले घाटी में लगाए जाने वाले अलगाववादी नारों का संदर्भ देते हुए कहा, “अगर आप सड़कों पर भाषण दे रहे हों और लोगों से पूछें कि उन्हें क्या चाहिए, तो जम्मू में आपको जवाब मिलेगा—‘सड़कें’ लेकिन अगर यही सवाल आप घाटी में पूछें, तो यह तय नहीं होता कि क्या जवाब मिलेगा। ‘हम क्या चाहते?’ — ‘टॉय टॉय फिस!’ (कोई जवाब नहीं)।” इस पर श्रोता हंस पड़े।
अब्दुल्ला ने कहा, “इसलिए अब हमें सवाल पूछने की आदत नहीं रही और लोगों को भी जवाब देने की आदत नहीं है।” हालांकि, उन्होंने कहा कि अब कश्मीर में राजनेता और आम लोग धीरे-धीरे सवाल पूछने की आदत विकसित कर रहे हैं लेकिन इसके परिणाम आने में अभी कुछ समय लगेगा।