By अंकित सिंह | Mar 19, 2026
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आप के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और आप दिल्ली के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने 18 मार्च को पालम में हुई आगजनी में अपने नौ सदस्यों को खोने वाले शोक संतप्त परिवार से बातचीत की। मुलाकात के बाद पत्रकारों से बात करते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मुझे पता चला कि जब फायर ब्रिगेड यहां पहुंची, तो उनकी सीढ़ियां काम नहीं कर रही थीं। अगर फायर ब्रिगेड ने समय पर कार्रवाई की होती, तो शायद कई जानें बचाई जा सकती थीं।
वहीं, दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के पालम में भीषण आग में नौ लोगों की जान जाने के एक दिन बाद, एक शोकाकुल पिता बृहस्पतिवार को अपने जले हुए घर में वापस लौटा और आरोप लगाया कि व्यवस्था की लापरवाही ने उससे वह सब कुछ छीन लिया जो उसे प्रिय था। राजेंद्र कश्यप इस भीषण आग में अपने परिवार के नौ सदस्यों को खो चुके हैं। वह मौजूदा जांच के हिस्से के तहत पुलिस और फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (एफएसएल) की टीम के साथ राम चौक बाजार के पास स्थित बुरी तरह क्षतिग्रस्त इमारत में दाखिल हुए।
घर से बाहर निकलते ही वह गहरे दुख से भाव-विह्वल हो गए और फूट-फूटकर रोने लगे। उन्होंने अधिकारियों को दोषी ठहराते हुए कहा, कि यह व्यवस्था की विफलता है। अगर समय पर कार्रवाई हुई होती, तो मेरा परिवार आज जीवित होता।’ पालम मेट्रो स्टेशन के पास भीड़भाड़ वाली एक गली में स्थित चार मंजिला इमारत के तहखाने, भूतल और पहली मंजिल पर कपड़े और सौंदर्य प्रसाधन का व्यवसाय चलता था, जबकि परिवार ऊपरी मंजिलों पर रहता था। बुधवार तड़के करीब 6.15 बजे चार मंजिला इस इमारत में आग लग गयी थी, जिसमें 70-वर्षीय महिला और तीन छोटी बच्चियों सहित नौ लोगों की मौत हो गई। उन बच्चों में से एक महज तीन साल की थी। भागने की कोशिश में तीन अन्य लोग घायल हो गए। चश्मदीदों ने पहले बचाव कार्यों में देरी का आरोप लगाया था और दावा किया था कि घटनास्थल पर तैनात पहली हाइड्रोलिक क्रेन खराब हो गई थी और दूसरी क्रेन को पहुंचने में लगभग एक घंटा लग गया, जिससे महत्वपूर्ण समय बर्बाद हो गया।