By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Jul 31, 2026
आईयूएमएल के वरिष्ठ नेता और केरल के मंत्री पी.के. कुन्हालीकुट्टी ने शुक्रवार को संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) के संयोजक अडूर प्रकाश के उस दावे को गलत बताया कि सत्ताधारी गठबंधन ने केंद्र की पीएम श्री योजना को आगे बढ़ाने का फैसला किया है। उन्होंने कहा कि सत्ताधारी गठबंधन की बैठक में इस मुद्दे पर कोई चर्चा नहीं हुई थी। उन्होंने यहां पत्रकारों से कहा कि सरकार कैबिनेट की एक उपसमिति की रिपोर्ट मिलने के बाद ही कोई फैसला लेगी।
समिति की रिपोर्ट आने के बाद सरकार और यूडीएफ, दोनों ही इस पर अपनी प्रतिक्रिया देंगे।’’ उन्होंने कहा कि पिछली वाम सरकार ने विधानसभा में यह कहने के बाद केंद्र के साथ समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए थे कि राज्य का बकाया फंड हासिल करना जरूरी है। उन्होंने कहा, ‘‘पूर्ववर्ती एलडीएफ सरकार ने ही समझौते पर हस्ताक्षर किए थे। राज्य इससे पीछे हट सकता है या नहीं, यह उपसमिति की रिपोर्ट आने के बाद ही तय किया जा सकेगा।’’ हालांकि, कुन्हालीकुट्टी ने ज़ोर देकर कहा कि केरल स्कूल के पाठ्यक्रम या इस योजना के तहत संस्थानों के चयन को लेकर केंद्र की ओर से थोपी गई किसी भी शर्त को स्वीकार नहीं करेगा।
मुख्यमंत्री वी. डी. सतीशन की अध्यक्षता में हुई यूडीएफ की बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में प्रकाश ने कहा था कि मौजूदा सरकार पिछली सरकार का ही विस्तार है, इसलिए वह इस योजना से पीछे नहीं हट सकती। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किन स्कूलों में योजना लागू होगी, उनका सिलेबस क्या होगा और फंड का इस्तेमाल कैसे किया जाएगा—इसका फैसला करने का अधिकार राज्य के पास ही रहेगा, जबकि केंद्र से मिलने वाली आर्थिक मदद भी पूरी तरह सुनिश्चित की जाएगी।