By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 13, 2026
जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने बुधवार को बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर ‘‘आपराधिक चरित्र’’ रखने का आरोप लगाते हुए कहा कि उनके शासन में राज्य में अपराध और समाज पर चर्चा करना ‘‘बेमानी’’ है। राज्य में कथित रूप से बढ़ती आपराधिक घटनाओं के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में किशोर ने पत्रकारों से कहा, ‘‘जब तक सम्राट चौधरी जैसे लोग बिहार के मुख्यमंत्री बने रहेंगे, तब तक यहां अपराध और समाज पर चर्चा करना बेमानी है। अगर शीर्ष पद पर बैठा व्यक्ति आपराधिक चरित्र का हो तो अपराध कैसे रुकने की उम्मीद की जा सकती है?’’ उन्होंने कहा कि जनता को यह देखना होगा कि यदि वह ‘‘गलत व्यक्ति’’ को सत्ता में बैठाती है तो परिणाम भी अपेक्षित नहीं होगा।
उन्हें इस बात की चिंता करनी चाहिए कि जब उनके विधानसभा क्षेत्रों के लोग बांकीपुर की तर्ज पर नौकरी की मांग करने लगेंगे तो वे क्या जवाब देंगे। इसमें कोई संदेह नहीं होना चाहिए कि इस विधानसभा क्षेत्र के युवाओं को नौकरी दी जाएगी।’’ उन्होंने कहा कि यदि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता बांकीपुर के युवाओं को नौकरी देने के ‘‘खिलाफ’’ हैं तो उन्हें खुलकर यह बात कहनी चाहिए और इसके परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहना चाहिए। किशोर ने कहा, ‘‘बांकीपुर उपचुनाव से पहले उनके ‘कुत्ता-बिल्ली’ वाले बयान के कारण उन्हें विधानसभा क्षेत्र में हार का सामना करना पड़ा।
अगर उनमें हिम्मत है तो वे कहें कि युवाओं को नौकरी नहीं मिलनी चाहिए। जिस तरह बांकीपुर उनसे छीना गया, उसी तरह बिहार भी उनसे छीन लिया जाएगा।’’ जन सुराज के नेता ने कहा कि विधायक से संबंधित विकास कार्यों में ‘‘एक भी पैसा चोरी’’ नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने घोषणा की कि आज से तीन महीने के भीतर 60 वर्ष से अधिक आयु का कोई भी पात्र व्यक्ति 1,100 रुपये की मासिक पेंशन से वंचित नहीं रहेगा।
उन्होंने यह भी कहा कि पात्र परिवारों को हर महीने मिलने वाला राशन बिना किसी अनियमितता के उपलब्ध कराया जाएगा। बिहार में शराबबंदी कानून की समीक्षा के सवाल पर किशोर ने कहा, ‘‘हम लगातार कह रहे हैं कि बिहार में दिखावटी शराबबंदी को खत्म किया जाना चाहिए। इसे केवल शराब माफिया और भ्रष्ट अधिकारियों को लाभ पहुंचाने के लिए जारी रखा जा रहा है।
शराबबंदी से लोगों को लाभ नहीं हो रहा है, बल्कि उन्हें नुकसान उठाना पड़ रहा है।