By अंकित सिंह | Jun 27, 2024
संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के संबोधन के बाद उनके अभिभाषण की प्रति बृहस्पतिवार को लोकसभा के पटल पर रखी गई और फिर सदन की कार्यवाही शुक्रवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बृहस्पतिवार को राज्यसभा में अपनी मंत्रिपरिषद के सदस्यों का परिचय कराया। प्रधानमंत्री मोदी ने पहले कैबिनेट मंत्रियों, फिर राज्य मंत्रियों (स्वतंत्र प्रभार) और फिर राज्य मंत्रियों के नामों एवं उनसे संबंधित विभागों का उल्लेख किया। प्रधानमंत्री मोदी और उनकी मंत्रिपरिषद के सदस्यों ने गत नौ जून को पद एवं गोपनीयता की शपथ ली थी।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बृहस्पतिवार को कहा कि पिछले 10 साल के दौरान देश की उपलब्धियों और विकास का आधार गरीबों का सशक्तीकरण रहा है तथा उनकी सरकार ने पहली बार गरीबों को अहसास कराया कि वह उनकी सेवा में है। मुर्मू ने 18वीं लोकसभा में पहली बार संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार ने गरीबों के जीवन की गरिमा से लेकर उनके स्वास्थ्य तक को राष्ट्रीय महत्व का विषय बनाया है। मुर्मू ने कहा कि सरकार पेपर लीक की हालिया घटनाओं की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों को सजा दिलाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। हाल में हुए संसदीय चुनाव के दौरान जम्मू कश्मीर में मतदान के कई रिकॉर्ड टूटने का जिक्र करते हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि इन चुनाव के जरिए घाटी ने देश के दुश्मनों को करारा जवाब दिया है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने देश में 1975 में लागू आपातकाल को ‘संविधान पर सीधे हमले का सबसे बड़ा और काला अध्याय’ बताते हुए गुरुवार को कहा कि ऐसे अनेक हमलों के बावजूद देश ने असंवैधानिक ताकतों पर विजय प्राप्त करके दिखाई। उन्होंने कहा कि भारत का संविधान, बीते दशकों में हर चुनौती, हर कसौटी पर खरा उतरा है और जब संविधान बन रहा था, तब भी दुनिया में ऐसी ताकतें थीं, जो भारत के असफल होने की कामना कर रही थीं। लोकतंत्र को कमजोर करने और समाज में दरारें डालने की साजिश रचने वाली विघटनकारी ताकतों से आगाह करते हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बृहस्पतिवार को कहा कि इस चुनौती से निपटने के लिए नए रास्ते खोजने की जरूरत है।