By नीरज कुमार दुबे | May 01, 2026
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान एक बार फिर विवादों के केंद्र में आ गए हैं। आज विधानसभा सत्र के दौरान विपक्ष ने उन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि वह कथित रूप से नशे की हालत में सदन में पहुंचे। इस आरोप ने राज्य की राजनीति को गरमा दिया है और सत्ता तथा विपक्ष के बीच तीखी बयानबाजी शुरू हो गई है। पंजाब विधानसभा में विपक्ष के नेता प्रताप सिंह बाजवा ने इस मुद्दे को जोरदार तरीके से उठाया। उन्होंने मांग की कि मुख्यमंत्री समेत सभी विधायकों का तुरंत अल्कोमीटर और डोप परीक्षण कराया जाए ताकि सच्चाई सामने आ सके। बाजवा का कहना है कि यदि इस तरह के आरोप लग रहे हैं तो पारदर्शिता बनाए रखने के लिए जांच जरूरी है।
हम आपको याद दिला दें कि भगवंत मान को लेकर इससे पहले भी विवाद खड़े हो चुके हैं। वर्ष 2022 में भी विपक्ष ने उन पर आरोप लगाया था कि वह एक अंतरराष्ट्रीय उड़ान के दौरान नशे में थे, जिसके कारण उन्हें विमान से उतार दिया गया था। हालांकि उस समय आम आदमी पार्टी ने इन आरोपों को पूरी तरह निराधार और राजनीतिक साजिश बताया था। वर्तमान विवाद ने पंजाब की राजनीति में नई बहस को जन्म दिया है। आइये देखते हैं स्वाति मालीवाल की ओर से जारी किया गया भगवंत मान का वह वीडियो जिसमें वह कथित तौर पर शराब के नशे में बताये जा रहे हैं। उधर, भगवंत मान के कथित नशे में होने के चलते बड़ा राजनीतिक बवाल भी खड़ा हो गया है। कांग्रेस और भाजपा नेताओं ने भगवंत मान पर तगड़ा निशाना साधा है।
बहरहाल, विपक्ष लगातार मुख्यमंत्री की कार्यशैली और व्यक्तिगत आचरण पर सवाल उठा रहा है, जबकि सत्तारुढ़ दल इन आरोपों को बेबुनियाद बता रहा है। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या इन आरोपों की कोई औपचारिक जांच होती है या यह मामला केवल राजनीतिक आरोप प्रत्यारोप तक ही सीमित रह जाता है।