रेल रोको : ट्रेन की पटरियों पर बैठे किसान, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान में ट्रेन सेवाएं बाधित

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Oct 18, 2021

नयी दिल्ली/चंडीगढ़/जयपुर।  उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में हुई हिंसा को लेकर संयुक्त किसान मोर्चा के छह घंटे के ‘रेल रोको’ प्रदर्शन के तौर पर सोमवार को सुबह किसान कई स्थानों पर ट्रेन की पटरियों पर बैठ गए जिससे पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में ट्रेन यातायात बाधित हो गया। प्रदर्शन का उत्तरी रेलवे मंडल में 150 स्थानों पर असर पड़ा और 60 ट्रेनों की आवाजाही बाधित हुई जिससे यात्रियों को असुविधा हुई और उन्हें अपने सामान के साथ लंबे वक्त से इंतजार करते हुए देख गया।

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गाजियाबाद के मोदीनगर में एक मालगाड़ी के सामने प्रदर्शन किया गया जो पहले ही अपने गंतव्य पर पहुंच गयी थी। केंद्र के तीन कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन का नेतृत्व कर रहे किसान संघों के संगठन संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) ने एक बयान में कहा था, ‘‘लखीमपुर खीरी हिंसा में न्याय सुनिश्चित करने के लिए केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा को बर्खास्त तथा गिरफ्तार करने की मांग को लेकर संयुक्त किसान मोर्चा ने देशव्यापी रेल रोको प्रदर्शन की घोषणा की है। एसकेएम ने अपने घटक दलों से 18 अक्टूबर को सुबह 10 बजे से शाम चार बजे तक छह घंटे के लिए रेल यातायात रोकने का आह्वान किया है।’’ महिलाओं समेत प्रदर्शनरत किसानों ने भारतीय जनता पार्टी की अगुवाई वाली केंद्र सरकार के खिलाफ नारे लगाए और अजय मिश्रा की गिरफ्तारी की मांग की। ‘रेल रोको’ प्रदर्शन के मद्देनजर रेलवे स्टेशनों पर सुरक्षा बलों को तैनात किया गया है। अधिकारियों ने बताया कि किसान फिरोजपुर शहर में फिरोजपुर-फाजिल्का प्रखंड और मोगा के अजितवाल में फिरोजपुर-लुधियाना प्रखंड समेत कई प्रखंडों में ट्रेन की पटरियों पर बैठ गए। राजस्थान में किसानों ने हनुमानगढ़ जिले रेल की पटरियों पर प्रदर्शन किए और केंद्र तथा उत्तर प्रदेश सरकारों के खिलाफ नारे लगाए। राज्य की राजधानी में संयुक्त किसान मोर्चा के सदस्यों ने जयपुर जंक्शन स्टेशन के प्रवेश द्वार पर प्रदर्शन किया।

एसकेएम के प्रदेश संयुक्त सचिव संजय माधव ने कहा, ‘‘हमें जयपुर जंक्शन में घुसने नहीं दिया गया इसलिए हमें प्रवेश द्वार पर धरना शुरू कर दिया।’’ उत्तर रेलवे मंडल के मुख्य जन संपर्क अधिकारी ने बताया कि उत्तर रेलवे मंडल पर जिन ट्रेनों पर प्रदर्शन का असर पड़ा, उनमें चंडीगढ़-फिरोजपुर एक्सप्रेस शामिल है। लुधियाना से इसे सुबह सात बजे गंतव्य के लिए रवाना होना था लेकिन फिरोजपुर-लुधियाना प्रखंड में अवरोध के कारण यह वहां फंसी रही। नयी दिल्ली-अमृतसर शताब्दी एक्सप्रेस शम्बू स्टेशन के पास रोक दी गयी क्योंकि प्रदर्शनकारियों ने साहनेवाल और राजपुरा के समीप रेल की पटरियां अवरुद्ध कर दी थीं। अधिकारी ने बताया, ‘‘करीब 25 यात्री और कम दूरी की ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है।’’ राजस्थान में प्रदर्शन से बीकानेर मंडल के हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर में रेल आवाजाही बाधित रही। एनडब्ल्यूआर के एक प्रवक्ता ने बताया कि भिवानी-रेवाड़ी, सिरसा-रेवाड़ी, लोहारू-हिसार, सूरतगढ़-बठिंडा, सिरसा-बठिंडा, हनुमानगढ़-बठिंडा, रोहतक-भिवानी, रेवाड़ी-सादुलपुर, हिसार-बठिंडा, हनुमानगढ़-सादुलपुर और श्रीगंगानगर-रेवाड़ी प्रखंडों पर रेल यातायात प्रदर्शन के कारण बाधित रहा।

उन्होंने बताया कि फिरोजपुर-हनुमानगढ़ स्पेशल ट्रेन, लुधियाना-हिसार स्पेशन ट्रेन, बठिंडा-श्रीगंगानगर स्पेशल ट्रेन, बठिंडा-लालगढ़ स्पेशल ट्रेन, फुलेरा-रेवाड़ी स्पेशल ट्रेन, रेवाड़ी-जोधपुर स्पेशल ट्रेन, रतनगढ़-चुरू स्पेशल ट्रेन और चुरू-बीकानेर स्पेशल ट्रेन सोमवार को रद्द कर दी गयी। प्रदर्शन के कारण 10 ट्रेनों को आंशिक रूप से रद्द किया गया है। एनडब्ल्यूआर के प्रवक्ता ने बताया कि अहमदाबाद-श्री माता वैष्णो देवी कटरा विशेष ट्रेन का मार्ग भी परिवर्तित कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि अहमदाबाद से शनिवार को रवाना हुई ट्रेन रेवाड़ी-दिल्ली-पठानकोट होते हुए अलग मार्ग से श्री माता वैष्णो देवी कटरा जाएगी। पंजाब के सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशनों में से एक लुधियाना रेलवे स्टेशन पर जोधपुर जा रहे एक व्यक्ति ने नाराजगी जतायी कि उसे स्टेशन पर पहुंचने के बाद प्रदर्शन के बारे में पता चला। उसने किसान नेताओं से आम आदमी को परेशान करने के बजाय नेताओं के आवासों का घेराव करने की अपील की। लुधियाना स्टेशन पर अपने परिवार के साथ ट्रेन का इंतजार कर रहे एक व्यक्ति ने कहा कि उनके एक रिश्तेदार की मौत हो गयी है जिसके कारण उन्हें उत्तर प्रदेश के गोंडा जाना है।

पटियाला रेलवे स्टेशन पर दिनेश जोशी अपने बच्चे के लिए दूध और गर्म पानी की तलाश कर रहे थे क्योंकि जिस ट्रेन में वह यात्रा कर रहे थे वह किसानों के विरोध प्रदर्शन के कारण रुक गयी थी। मोगा में, प्रदर्शनकारियों का एक समूह ‘जय जवान जय किसान’ का बैनर लेकर एक ट्रेन के आगे खड़ा हो गया जिससे ट्रेन को रोकना पड़ा। उन्होंने लखीमपुर खीरी हिंसा में मारे गए चार किसानों की तस्वीरें भी ले रखी थी। केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा की गिरफ्तारी की मांग करते हुए किसान मजदूर संघर्ष समिति के महासचिव श्रवण सिंह पंढेर ने सोमवार को कहा कि केएमएससी पंजाब के 11 जिलों में 20 स्थानों पर प्रदर्शन करेगी।

लखीमपुर खीरी में तीन अक्टूबर को हुई हिंसा में मारे गए आठ लोगों में से चार किसान थे जिन्हें कथित तौर पर भाजपा कार्यकर्ताओं को ले जा रहे वाहन ने कुचल दिया था। किसानों ने दावा किया कि एक वाहन में केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा का पुत्र आशीष मिश्रा था। आशीष मिश्रा को इस मामले में नौ अक्टूबर को गिरफ्तार किया गया था।

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