Asian Games में Rumesh Pathirage ने जीता स्वर्ण, Neeraj Chopra की गैरमौजूदगी पर जताया दुख

By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 29, 2026

(फिलेम दीपक सिंह) नागोया, 29 सितंबर श्रीलंका के स्टार भाला फेंक खिलाड़ी रुमेश थरंगा पाथिरागे ने दो बार के ओलंपिक पदक विजेता नीरज चोपड़ा के चोट के कारण एशियाई खेलों से बाहर होने को ‘दुर्भाग्यपूर्ण’ करार देते हुए कहा कि उन्हें इस महाद्वीपीय खेल महाकुंभ में उनकी कमी खली। चीन में हुए पिछले एशियाई खेलों के स्वर्ण पदक विजेता चोपड़ा पिछले महीने अभ्यास के दौरान टखने के लिगामेंट में चोट लगने के कारण इस बार मैदान पर नहीं उतर सके। इस सत्र में तीन बार 90 मीटर से अधिक दूरी तक भाला फेंक चुके पाथिरागे ने सोमवार को बारिश से प्रभावित मिजुहो पार्क एथलेटिक स्टेडियम में 88.55 मीटर के प्रयास के साथ पुरुषों की भाला फेंक स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीता।

पाथिरागे ने सोमवार को स्पर्धा के बाद पीटीआई से बातचीत में चोपड़ा की गैरमौजूदगी के बारे में पूछे जाने पर कहा, ‘‘‘हां, लुसाने डायमंड लीग के बाद उनके टखने में थोड़ी चोट लगी थी। यह उनका दुर्भाग्य है।’’ इस 23 साल के खिलाड़ी ने कहा, ‘‘मैं कभी-कभी उनसे (चोपड़ा से) बात करता हूं।’’ पिछले साल जुलाई में बेंगलुरु में आयोजित पहली एनसी (नीरज चोपड़ा) क्लासिक भाला फेंक प्रतियोगिता के लिए चोपड़ा ने पाथिरागे को आमंत्रित किया था। इस प्रतियोगिता के मेजबान चोपड़ा ने 86.18 मीटर के प्रयास के साथ पहला स्थान हासिल किया था, जबकि पाथिरागे 84.34 मीटर के प्रयास के साथ तीसरे स्थान पर रहे थे।

इस साल हालांकि तस्वीर बदल गई। पाथिरागे ने उन तीनों प्रतियोगिताओं में जीत दर्ज की, जिनमें चोपड़ा ने हिस्सा लिया था। उन्होंने जून में दोहा डायमंड लीग जीती, जिसमें चोपड़ा चौथे स्थान पर रहे थे।

इसके बाद पाथिरागे ने ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीता, जबकि चोपड़ा ने रजत पदक हासिल किया। अगस्त में लुसाने डायमंड लीग में भी पाथिरागे ने पहला स्थान हासिल किया, जबकि चोपड़ा एक बार फिर दूसरे स्थान पर रहे। राष्ट्रमंडल खेलों और एशियाई खेलों में तीनों पदक दक्षिण एशियाई खिलाड़ियों के नाम रहे।

पाथिरागे ने यशवीर और रोहित की भी जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा, ‘‘यशवीर और रोहित बहुत अच्छे खिलाड़ी हैं। उनका औसत प्रदर्शन 85 मीटर के आसपास रहा है।

मुझे लगता है कि अगले साल यशवीर और रोहित भारत के लिए बड़े प्रयास कर सकते हैं।’’ पाथिरागे ने इस साल जिन 14 प्रतियोगिताओं में हिस्सा लिया, उनमें से 13 में शीर्ष स्थान हासिल किया है। एक प्रतियोगिता में वह दूसरे स्थान पर रहे। उन्होंने चार डायमंड लीग मुकाबलों के अलावा डायमंड लीग फाइनल, विश्व एथलेटिक्स अल्टीमेट चैंपियनशिप, राष्ट्रमंडल खेल और एशियाई खेलों के खिताब भी जीते हैं।

इस साल तीन बार 90 मीटर से अधिक दूरी तक भाला फेंकने और लगातार खिताब जीतने के पीछे के रहस्य के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘‘कोई रहस्य नहीं है, हर साल की तरह सामान्य प्रशिक्षण ही करता हूं।’’ एशियाई खेलों की भाला फेंक स्पर्धा के बारे में उन्होंने कहा, ‘‘बारिश के कारण परिस्थितियां अच्छी नहीं थीं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मैं भाले पर सही पकड़ नहीं बना पा रहा था। मैं खेलों का रिकॉर्ड और एशियाई रिकॉर्ड तोड़ना चाहता था, लेकिन 90 मीटर जैसे बड़े प्रयास नहीं कर सका।’’ उन्होंने कहा, ‘‘ मैं हालांकि एशियाई खेलों में भाला फेंक में स्वर्ण पदक जीतने वाला पहला श्रीलंकाई खिलाड़ी बनकर खुश हूं।’’ भविष्य के लक्ष्यों के बारे में पूछे जाने पर पाथिरागे ने कहा, ‘‘मेरा अगला लक्ष्य अगले साल होने वाली विश्व चैंपियनशिप और फिर 2028 लॉस एंजिलिस ओलंपिक है।

प्रमुख खबरें

Vadhvan Port परियोजना की प्रगति की समीक्षा, जहाजरानी सचिव ने काम समय पर पूरा करने के दिए निर्देश

Jammu & Kashmir: Omar Abdullah सरकार ने विधानसभा में पेश किए 5 अहम विधेयक, विधायकों का वेतन 1.8 लाख से बढ़कर 3 लाख प्रति माह होने का प्रस्ताव

Vighnaraj Sankashti Chaturthi पर बना Angarki योग, गणेश पूजन का शुभ मुहूर्त और विधि

Paris Fashion Week 2026 में Aishwarya Rai Bachchan का विंटेज जलवा! वेलवेट और क्रिस्टल आउटफिट में बिखेरा पुरानी दुनिया का ग्लैमर