By अनन्या मिश्रा | Oct 28, 2025
इस बार की सर्दी को लेकर अभी से वैज्ञानिक चेतावनी जारी करने में लगे हैं। ला नीना इफेक्ट की वजह से इस बार के मानसून में भारी बारिश देखने को मिली है। एक्सपर्ट के अनुसार, अगर यह इफेक्ट जारी रहता है, तो उत्तर भारत में इस बार भयंकर ठंड हो सकती है। इसके अलावा इंफेक्शन और पॉल्यूशन आदि का भी खतरा लोगों पर मंडरा सकता है। अधिक सर्दी और प्रदूषण होने के कारण लोगों को इंफेक्शन, फ्लू, बुखार, खांसी, ठंड लगना और अपर रेस्पिरेटरी इंफेक्शन आदि हो सकता है। खासकर छोटे बच्चों और बुजुर्गों की सेहत ज्यादा बिगड़ सकती है। क्योंकि बच्चों और बुजुर्गों का इम्यून सिस्टम काफी कमजोर होता है। ऐसे में आप भी पंसारी से 4 चीजें लाकर घर में रखें और सर्दियां पड़ने पर इनका इस्तेमाल करें।
ठंड लगने की वजह से गले में सूजन, खराबी और दर्द की शिकायत हो सकती है। इसके लिए मुलेठी या फिर इसके पाउडर का सेवन करना चाहिए। इससे न सिर्फ गले में आराम मिलेगा, बल्कि खांसी और अपर रेस्पिरेटरी सिस्टम भी सही रहेगा।
अदरक को सुखाकर बनाए जाने वाले पाउडर को सोंठ कहा जाता है। सोंठ अदरक के मुकाबले ज्यादा गर्म होता है। इस कारण सर्दियों में सोंठ का सेवन किया जाता है। फ्लू, बुखार और कमजोर पाचन से यह बचाता है। इसमें एंटी इंफ्लामेटरी, एंटी बैक्टीरियल और एंटी माइक्रोबियल गुण पाए जाते हैं।
हेल्थ एक्सपर्ट के मुताबिक ठंड के मौसम में गुड़ का सेवन जरूर करना चाहिए। क्योंकि इस दौरान प्रदूषण बढ़ने से फेफड़ों को नुकसान पहुंचता है। रात में थोड़ा सा गुड़ खाने से सांस नली और मुंह में अटके प्रदूषण कण से राहत मिलती है। हालांकि डायबिटीज के रोगियों को गुड़ का सेवन डॉक्टर की सलाह पर करना चाहिए।
बता दें कि ऊपर बताई गई चीजों के अलावा खाने में मसालों का इस्तेमाल जरूर करें। अदरक, हल्दी, दालचीनी और कालीमिर्च का सेवन आपके रोग-प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है और आपको बीमार पड़ने से बचाता है। रोजाना नीम और तुलसी की पत्तियां चबाकर जरूर खाना चाहिए।