By रेनू तिवारी | Aug 21, 2025
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के आवास के बाहर अर्द्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है। सिविल लाइंस स्थित उनके कार्यालय में ‘जन सुनवाई’ कार्यक्रम के दौरान उन पर हुए हमले के बाद उनकी सुरक्षा में बड़े बदलाव किए जाएंगे। पुलिस ने कहा कि इस संबंध में निर्णय यह सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है कि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों और मुख्यमंत्री तथा जनता के बीच बातचीत के दौरान सुरक्षा प्रोटोकॉल को मजबूत किया जाए।
पुलिस सूत्र ने बताया, ‘‘शिकायतकर्ताओं को ‘जन सुनवाई’ सत्र के दौरान सीधे मुख्यमंत्री से संपर्क करने की अनुमति नहीं होगी। गुप्ता के समक्ष रखी जाने वाली प्रत्येक शिकायत का पहले सत्यापन किया जाएगा। यह सुनिश्चित करने के लिए एक तय परिधि भी बनाई जाएगी कि आगंतुक उनके करीब न आ सकें।’’
रेखा गुप्ता को गंभीर शारीरिक चोट आई है- कपिल मिश्रा
दिल्ली के मंत्री कपिल मिश्रा ने बृहस्पतिवार को कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को गंभीर शारीरिक चोट आई है और हमले के बाद वह ‘‘घबरायी’’ हुई हैं, लेकिन अपने आवास से काम कर रही हैं। उन्होंने दोहराया कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर हमला एक ‘‘सुनियोजित साजिश’’ के तहत ‘‘सुनियोजित तरीके’’ से अंजाम दिया गया था। उन्होंने कहा कि आरोपी एक ‘‘पेशेवर अपराधी’’ है जिसका गंभीर आपराधिक इतिहास रहा है। मिश्रा ने बुधवार सुबह गुप्ता से उनके आवास पर मुलाकात की। मुलाकात के बाद, मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री को गंभीर शारीरिक चोटें आई हैं और उन्हें आराम की जरूरत है।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर हमले के आरोपी ने पुलिस पूछताछ के दौरान चौंकाने वाले खुलासे किए हैं और राष्ट्रीय राजधानी की अपनी यात्रा और मुख्यमंत्री पर हमले के पीछे की वजह का भी खुलासा किया है, सूत्रों ने गुरुवार को यह जानकारी दी। मुख्यमंत्री पर बुधवार सुबह उनके कैंप कार्यालय में आयोजित 'जन सुनवाई' कार्यक्रम के दौरान हमला हुआ। उनके कार्यालय ने इस हमले को "उनकी हत्या की एक सुनियोजित साजिश" का हिस्सा बताया है।
रेखा गुप्ता पर हमले का कारण क्या था? आरोपी का कहना है
सूत्रों के अनुसार, राजेशभाई खिमजीभाई सकारिया नाम के आरोपी ने पूछताछ के दौरान जांचकर्ताओं को बताया कि उसने एक शिव मंदिर बनवाया था और वहाँ नियमित रूप से पूजा करता था। आरोपी ने आगे दावा किया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद, उसे शिवलिंग में भगवान शिव का भैरव रूप दिखाई देने लगा। उसके अनुसार, भैरव के रूप में प्रकट हुए एक कुत्ते ने उसे दिल्ली जाकर अपनी समस्याएँ बताने का निर्देश दिया। इस "दृष्टि" के बाद, राजेशभाई कथित तौर पर सोमवार को अपने घर से उज्जैन के लिए रवाना हुए, जहाँ उन्होंने फिर से भैरव रूपी कुत्ते से वही निर्देश मिलने का दावा किया। वहाँ से, वे बिना टिकट के नई दिल्ली जाने वाली ट्रेन में सवार हुए और नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुँचे।
वे मुख्यमंत्री आवास कैसे पहुँचे?
नई दिल्ली स्टेशन पहुँचकर, उन्होंने स्थानीय लोगों से मुख्यमंत्री आवास का पता पूछा। पुलिस सूत्रों के अनुसार, आरोपी ने पहले मेट्रो से रेखा गुप्ता के निजी आवास पहुँचने की कोशिश की, लेकिन गलत मेट्रो स्टेशन पर उतर गया। फिर उसने एक रिक्शा लिया, चालक को 50 रुपये दिए और राहगीरों से रास्ता पूछते हुए मुख्यमंत्री आवास पहुँच गया। पूछताछ के दौरान, उसने दावा किया कि उसने मुख्यमंत्री से शहर से आवारा कुत्तों को न हटाने की अपील की थी। उसने आरोप लगाया कि रेखा गुप्ता ने उसकी अपील को अनसुना कर दिया, जिसके बाद उसने उन पर हमला कर दिया। उसने पुलिस को यह भी बताया कि मुख्यमंत्री को अपनी चिंताएँ बताने के बाद, उसने शाम की ट्रेन से गुजरात लौटने की योजना बनाई थी। जाँचकर्ताओं ने आगे खुलासा किया कि उसने इस साल मई में अयोध्या में एक विरोध प्रदर्शन किया था, जहाँ सुरक्षाकर्मियों ने उसकी पिटाई की थी। जाँचकर्ताओं को यह भी पता चला है कि वह इस साल मई में अयोध्या गया था, जहाँ उसने एक अन्य मुद्दे पर विरोध प्रदर्शन किया था, और सुरक्षाकर्मियों ने उसकी पिटाई की थी।
आरोपी को पाँच दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा गया
इस बीच, दिल्ली पुलिस के अनुसार, दिल्ली की एक अदालत ने आरोपी को पाँच दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। आरोपी की पहचान 41 वर्षीय राजेशभाई खिमजीभाई सकारिया के रूप में हुई है, जो गुजरात के राजकोट का निवासी है और हमले के तुरंत बाद मौके से गिरफ्तार किया गया था। उसे बुधवार देर शाम सिविल लाइंस थाने से तीस हज़ारी कोर्ट में पेश किया गया, जहाँ से उसे पाँच दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया। दिल्ली पुलिस ने आरोपी के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया है। उसके खिलाफ सिविल लाइंस थाने में भारतीय न्याय संहिता की धारा 109(1), 132 और 221 के तहत मामला दर्ज किया गया है। यहां यह ध्यान देने योग्य बात है कि आरोपी राजेशभाई खिमजीभाई सकारिया एक कुख्यात हिस्ट्रीशीटर है, जिसके खिलाफ राजकोट के भक्तिनगर पुलिस स्टेशन के रिकॉर्ड में कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।
हमलावर को तुरंत काबू किया गया: चश्मदीद
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर बुधवार सुबह उनके कैंप कार्यालय में ‘जन सुनवाई’ के दौरान अचानक हमला हुआ और सुरक्षाकर्मियों ने तुरंत हमलावर को काबू किया। चश्मदीदों ने यह जानकारी दी। हमले के एक चश्मदीद ने कहा कि अचानक हुई इस घटना से मौके पर मौजूद सभी लोग हैरान रह गए। सुनवाई में मौजूद एक अन्य महिला ने कहा, ‘‘हम सब बैठे थे। एक व्यक्ति जिसकी (अपनी शिकायत व्यक्त करने की) बारी आई, उसने मुख्यमंत्री से बात करना शुरू किया और अचानक उन पर हमला कर दिया। हमने एक तेज आवाज सुनी और पुलिस ने तुरंत उस व्यक्ति को हिरासत में ले लिया।’’ घटनास्थल पर मौजूद एक महिला शिकायतकर्ता ने बताया कि मुख्यमंत्री पर हमला और सुरक्षाकर्मियों द्वारा हमलावर को काबू करना, यह सब कुछ ही पलों में हुआ। उन्होंने कहा, ‘‘जब हमला हुआ, तब मुख्यमंत्री लोगों से बातचीत कर रही थीं और उनकी शिकायतें सुन रही थीं। यह बहुत तेजी से हुआ। (मुख्यमंत्री पर) हमला होने के बाद, पुलिस ने तुरंत हमलावर को पकड़ लिया और अपने साथ ले गई।