Commonwealth Boxing: जादूमणि, अरुंधति और जैस्मीन समेत 6 भारतीय मुक्केबाज फाइनल में पहुंचे

By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 01, 2026

भारत ने राष्ट्रमंडल खेलों की मुक्केबाजी स्पर्धा में कम से कम छह पदक पक्के कर लिये जब अरूंधति चौधरी और विश्व चैम्पियन जैसमीन लंबोरिया समेत छह मुक्केबाज शुक्रवार को फाइनल में पहुंच गए। अरुंधति चौधरी ने 70 किग्रा वर्ग में मौजूदा चैंपियन वेल्स की रोजी एक्लेस को हराकर बड़ा उलटफेर किया जबकि विश्व चैंपियन जैस्मीन लंबोरिया (57 किग्रा), प्रीति पवार (54 किग्रा), अंकुश पंघाल (80 किग्रा) और जादूमणि सिंह (पुरुषों के 55 किग्रा) ने भी अपने-अपने मुकाबले जीतकर फाइनल में जगह बनाते हुए भारत का दबदबा कायम किया। अरुंधति ने एक संघर्षपूर्ण और रोमांचक मुकाबले में रोजी एक्लेस को 4-0 के फैसले से हराया।

जैस्मीन सेमीफाइनल में एकतरफा प्रदर्शन करते हुए आरएससी (रेफरी द्वारा मुकाबला रोकना) से जीत दर्ज की। लेसोथो की रापेलांग मासेलेला की उनकी प्रतिद्वंद्वी को दूसरे राउंड के अंतिम क्षणों में तीसरी बार स्टैंडिंग काउंट मिलने के बाद रेफरी ने मुकाबला रोक दिया। जैस्मीन ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और अपनी तेज पंच की बौछार कर से प्रतिद्वंद्वी मुक्केबाज पर दबाव बनाए रखा।

जादूमणि ने सेमीफाइनल में नामीबिया के पी पी एम हाओसेब को 5-0 के सर्वसम्मत फैसले से हराकर पुरुषों के 55 किग्रा वर्ग के फाइनल में जगह बना ली। साक्षी ने महिलाओं के 51 किलोवर्ग में कनाडा की अम्बर जेन वाल को सर्वसम्मति से लिये गए फैसले में 5 . 0 से हराकर फाइनल में जगह बनाई। भिवानी की एशियाई खेलों की कांस्य पदक विजेता 22 वर्षीय प्रीति ने जाम्बिया की कैथरीन म्वापे को 5-0 से हराया।

उन्होंने मुकाबले के दौरान शुरू से अंत तक दबदबा बनाए रखा। उन्होंने बांयी ओर से सटीक पंच और प्रभावी जवाबी हमले के दम पर म्वापे को लगातार दबाव में रखा। फाइनल में प्रीति के सामने स्कारलेट डेलगाडो की चुनौती होगी।

कनाडा की इस मुक्केबाज ने एक अन्य सेमीफाइनल में इंग्लैंड की लॉरेन मैकी को 4-1 से हराया। म्वापे पूरे मुकाबले में प्रभावी पंच लगाने के लिए जूझती रहीं, जबकि प्रीति के संयोजित पंच का उनके पास कोई जवाब नहीं था। पहले दो राउंड में जाम्बिया की मुक्केबाज को तीन बार ‘एट काउंट’ का सामना करना पड़ा, जो भारतीय मुक्केबाज के एकतरफा वर्चस्व का प्रमाण रहा।

दूसरे राउंड में प्रीति के प्रदर्शन से प्रभावित सभी पांच निर्णायकों ने उन्हें 10-8 का स्कोर दिया। अंतिम राउंड में म्वापे मुकाबले में वापसी की कोशिश करने के बजाय प्रीति के आक्रामक हमलों से बचती नजर आईं। दूसरी ओर, अंकुश ने भी 80 किग्रा वर्ग के सेमीफाइनल में कनाडा के जोशुआ ओफोरी को 5-0 से हराकर फाइनल का टिकट कटाया।

शुरुआती दो राउंड में भारतीय मुक्केबाज के शानदार प्रदर्शन के सामने ओफोरी बार-बार ‘क्लिंचिंग’ (प्रतिद्वंद्वी मुक्केबाज को जकड़ कर मुकाबले की गति प्रभावित करने की कोशिश) का सहारा लेने को मजबूर हुए। दूसरे राउंड की शुरुआत में ओफोरी ने आक्रामक रुख अपनाने की कोशिश की, लेकिन अंकुश ने संयम बनाए रखते हुए दबाव को आसानी से झेला और सटीक पंचों के संयोजन से जवाब देते हुए एकतरफा जीत दर्ज की।

प्रमुख खबरें

Ayodhya में NSG रीजनल हब के लिए 26 हेक्टेयर जमीन मुफ्त देगी UP सरकार

MP दौरे पर आएंगे BJP अध्यक्ष Nitin Nabin और Rahul Gandhi, इंदौर में होंगे कार्यक्रम

Nepal Flood: आठ जिलों से और शव मिलने के बाद मृतकों का आंकड़ा पहुंचा 1,399

दिल्ली कोर्ट से Swatantra Bhardwaj को 3 हफ्ते की अंतरिम जमानत, पुलिस को दिए जांच के निर्देश